Ali Khamenei Funeral: ईरान के पूर्व सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार के दूसरे दिन तेहरान में बड़ी संख्या में लोग उन्हें श्रद्धांजलि देने पहुंचे. अंतिम नमाज के दौरान दुश्मनों के खिलाफ प्रतिशोध और शहीद नेता के खून का बदला जैसे नारे लगाए गए. ईरान की सरकारी समाचार एजेंसी ISNA के मुताबिक सर्वोच्च राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के सचिवालय ने कहा कि अंतिम नमाज में शामिल लोगों ने अयातुल्ला अली खामेनेई को श्रद्धांजलि देते हुए अमेरिका और इजरायल को उनकी मौत के लिए जिम्मेदार ठहराया, और दुश्मनों के खिलाफ प्रतिशोध और शहीद नेता के खून का बदला जैसे नारे पूरे माहौल में गूंजते रहे.
तेहरान की सड़कों पर उमड़ी लाखों की भीड़
रविवार को अली खामेनेई और उनके परिवार के चार सदस्यों के लिए सार्वजनिक अंतिम संस्कार की नमाज अदा की गई. इमाम खुमैनी ग्रैंड मुसल्ला के आसपास तेहरान की सड़कों पर लाखों लोग जुटे. शनिवार से ही खामेनेई का पार्थिव शरीर आम लोगों के अंतिम दर्शन और आधिकारिक श्रद्धांजलि के लिए रखा गया था. अयातुल्ला अली खामेनेई की 28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल के हमलों में मौत हो गई थी. इस घटना के बाद पश्चिम एशिया में तनाव और संघर्ष काफी बढ़ गया. हालांकि पिछले महीने अमेरिका और ईरान ने तनाव कम करने और बातचीत आगे बढ़ाने के लिए 14 सूत्रीय समझौता ज्ञापन (MOU) पर सहमति जताई थी. इस बातचीत में होर्मुज स्ट्रेट और ईरान के परमाणु कार्यक्रम जैसे अहम मुद्दे भी शामिल थे.
राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद ने दिया संदेश
सुरक्षा परिषद ने अपने संदेश में कहा कि ईरान के लोग अपने नेता को विदाई देते हुए यह संकल्प ले रहे हैं कि वे उनके आदर्शों और रास्ते पर आगे बढ़ेंगे. संदेश में यह भी कहा गया- पिछले कुछ दिनों से ईरान को देखिए, यही वह देश है जिसे कुछ ही दिनों में हराने का दावा किया गया था. परिषद ने इसे राष्ट्रीय एकता और दृढ़ संकल्प का प्रतीक बताया. अली खामेनेई और उनके परिवार के चार सदस्यों के लिए सार्वजनिक अंतिम संस्कार की नमाज रविवार को तेहरान में अदा की जा रही है. उनके विदाई समारोह का आज दूसरा दिन है.
मोजतबा खामेनेई नहीं हो रहे शामिल
अली खामेनेई के निधन के बाद उनके बेटे मोजतबा खामेनेई को ईरान का नया सर्वोच्च नेता नियुक्त किया गया है. हालांकि, अल जजीरा की रिपोर्ट के मुताबिक सुरक्षा कारणों और इजरायल से मिली कथित धमकियों के चलते वह तेहरान में चल रहे छह दिवसीय अंतिम संस्कार समारोह में शामिल नहीं हो रहे हैं.
संसद अध्यक्ष गालिबफ ने बताया राष्ट्रीय एकता का प्रतीक
ईरान के संसद अध्यक्ष मोहम्मद बगेर गालिबफ ने कहा कि देश भर के लोग अपने दिवंगत नेता को श्रद्धांजलि देने के लिए एकजुट हुए हैं. उन्होंने कहा कि पूरे देश ने एक स्वर में अपने नेता के सम्मान में प्रार्थना की और उन्हें शहीद के रूप में याद किया. उनके मुताबिक, अंतिम संस्कार में उमड़ी भारी भीड़ इस बात की गवाही दे रहे हैं कि देश अपने नेतृत्व और आदर्शों के साथ मजबूती से खड़ा है. (पीटीआई की रिपोर्ट के साथ)
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