डेटा और वॉयस कॉलिंग के लिए बीएसएनएल ने लांच की नयी स्कीम, चालू वित्त वर्ष में परिसेवा पर 100 करोड़ खर्च करेगा
कोलकाता : कोलकाता टेलीफोन्स के सीजीएमटी एसपी त्रिपाठी ने कहा कि बीएसएनल का सिम मिलने की दिक्कतें खत्म हो जायेंगी. संवाददाताओं से बातचीत में श्री त्रिपाठी ने माना कि दुकानों से बीएसएनल का सिम मिलने में समस्या होती है, लेकिन अब छह लाख नया सिम मंगाया गया है.
इसके अलावा बीएसएनएल की ओर से रोजाना ही विभिन्न इलाकों में कैंप लगाया जाता है, जिससे किसी को भी सिम मिलने में दिक्कत नहीं होगी. इकेवाइसी होने से केवल अंगूठे की छाप से ही सिम मिल सकेगा. फॉर्म भरने का झंझट अब नहीं रहा. उन्होंने बताया कि बीएसएनल की ओर से डेटा और वॉयस कॉलिंग के लिए नयी स्कीम लांच की गयी है.
बीएसएनल की परिसेवा और होगी उन्नत: श्री त्रिपाठी ने बताया कि बीएसएनएल की परिसेवा को और उन्नत बनाया जा रहा है. फिलहाल उसके 2042 टावर हैं, जिनमें करीब 850 टावर 3जी के हैं. टावर की संख्या में 500 का और इजाफा होगा. इसके अलावा लगभग 500 पुराने टावर बदले जायेंगे. परिसेवा उन्नत करने के लिए मौजूदा वित्त वर्ष में 100 करोड़ रुपये खर्च किये जायेंगे.
कितने हैं ग्राहक : बीएसएनएल के ग्राहकों पर नजर डालें, तो उसके करीब 8.10 लाख सक्रिय ग्राहक हैं. इस वर्ष करीब डेढ़ लाख ग्राहकों का इजाफा हुआ है.