आसनसोल : स्थानीय सामाजिक संस्था संस्कार द्वारा सुलभ आहार परियोजना का उद्घाटन रविवार को गोधुली मोड़ स्थित शनि मंदिर में हुआ. संस्कार संस्था एवं परियोजना का विधिवत उद्घाटन बीते मंगलवार को मेयर जितेंद्र तिवारी ने किया था. आज इस परियोजना का शुभारंभ गरीबों को मुफ्त में खाना खिलाकर किया गया.
पांच रुपये में दोपहर का भोजन आज से शुरू
आसनसोल : स्थानीय सामाजिक संस्था संस्कार द्वारा सुलभ आहार परियोजना का उद्घाटन रविवार को गोधुली मोड़ स्थित शनि मंदिर में हुआ. संस्कार संस्था एवं परियोजना का विधिवत उद्घाटन बीते मंगलवार को मेयर जितेंद्र तिवारी ने किया था. आज इस परियोजना का शुभारंभ गरीबों को मुफ्त में खाना खिलाकर किया गया. मौके पर स्थानीय पार्षद आशा […]

मौके पर स्थानीय पार्षद आशा शर्मा, उमा सर्राफ, व्यवसायी आरएन यादव, संस्था के अध्यक्ष डॉ. जेके खंडेलवाल, कार्यकारी अध्यक्ष मुकेश तोदी, उपाध्यक्ष शंकरलाल शर्मा, सचिव सुनील कुमार मुकीम, संयुक्त सचिव शोभन नारायण बासु व विनोद गुप्ता, कोषाध्यक्ष अनिल खेतान, संयुक्त कोषाध्यक्ष विवेक प्रसाद वर्णवाल, प्रोजेक्ट के चेयरमैन अधीर गुप्ता, राजेश दारूका, अरविंद साहा, अजय गुप्ता आदि उपस्थित थे. डॉक्टर जेके खंडेलवाल ने कहा कि संस्था का विधिवत उद्घाटन बीते मंगलवार को हो गया था. आज सुलभ आहार परियोजना का शुभारंभ हुआ. जिसके प्रथम दिन गरीबों को मुफ्त में खाना खिलाया गया.
कल से प्रतिदिन दोपहर 12.30 बजे से 2 बजे तक पांच रुपये में सभी को पांच रोटी, सब्जी एवं सलाद दिया जाएगा. इस परियोजना का लाभ हरेक तबके के व्यक्ति ले सकेंगे. उन्होंने परियोजना में आसनसोल नगर निगम के मेयर के सहयोग के लिए धन्यवाद दिया.
पार्षद उमा सर्राफ ने कहा कि पांडेश्वर के एक कार्यक्रम में व्यस्त रहने के कारण आज मेयर साहब उपस्थित नहीं हो सके. संस्था के द्वारा मामूली रुपए खर्च करके लोगों को भोजन कराने का कार्य सराहनीय है. इस कार्य में मेयर के अलावा पार्टी का पूर्ण सहयोग रहेगा.
उपस्थिति स्थानीय पार्षद सह भाजपा महिला जिलाध्यक्ष आशा शर्मा ने कहा असहाय गरीबों के लिए संस्था द्वारा यह परियोजना गरीबों के लिए अत्यंत ही लाभकारी है. इससे निम्न वर्ग के गरीबों को काफी लाभ पहुंचेगा और वह भी अब भूखे नहीं रहेंगे.
इसके अलावा उन्होंने गरीब असहाय लोगों के स्वास्थ्य के लिए भी ध्यान देने को कहा. जो गरीब इलाज के लिए 100- 200 रुपये के लिए मोहताज रहते हैं. उन्हें इन छोटी-छोटी मदद करने से इनको काफी राहत मिलेगी. इसके अलावा उन्होंने महिलाओं के आत्मनिर्भर होने के लिए लघु उद्योग पर अपने विचार रखे.