गुंडिचा मंदिर, सरायकेला में चल रहे रथ मेला में शुक्रवार को खरसावां विधायक दशरथ गागराई, घाटशिला के पूर्व विधायक लक्ष्मण टुडू, झामुमो जिला अध्यक्ष डॉ. शिवेंदु महतो, पूर्व विधानसभा प्रत्याशी गणेश महाली, बैद्यनाथ टुडू, रानी हेंब्रम और वासुदेव महतो पहुंचे.
सभी ने भगवान श्री जगन्नाथ, श्री बलभद्र और देवी सुभद्रा की पूजा-अर्चना कर क्षेत्र और राज्य की सुख-शांति व खुशहाली की कामना की. इस दौरान श्री जगन्नाथ मेला समिति की ओर से सभी अतिथियों का फूलों का गुलदस्ता और अंगवस्त्र देकर स्वागत किया गया.
सरायकेला की संस्कृति और परंपरा की सराहना
इस मौके पर विधायक दशरथ गागराई ने कहा कि सरायकेला-खरसावां की संस्कृति और धार्मिक परंपराएं काफी समृद्ध हैं. इनका संरक्षण और विकास जरूरी है. उन्होंने कहा कि राज्य सरकार इसके लिए लगातार काम कर रही है. विधायक ने मेला समिति के अध्यक्ष और नगर पंचायत अध्यक्ष मनोज कुमार चौधरी सहित सभी पदाधिकारियों और स्वयंसेवकों के प्रयासों की सराहना की.
रथ मेला के विस्तार की रखी मांग
मेला समिति के अध्यक्ष मनोज कुमार चौधरी ने बताया कि करीब 350 साल पुराना सरायकेला का श्री जगन्नाथ रथ मेला आज रांची के बाद झारखंड का दूसरा सबसे बड़ा मेला बन चुका है. उन्होंने मेला को और बेहतर बनाने के लिए गुंडिचा मंदिर के सामने मौजूद पुराने और जर्जर भवनों को हटाकर बड़ा मैदान बनाने की मांग रखी. इस पर विधायक दशरथ गागराई ने कहा कि सरायकेला की ऐतिहासिक पहचान और रथ मेला के विकास के लिए वह मुख्यमंत्री के सामने इस मुद्दे को रखेंगे.
कार्यक्रम का संचालन भोला मोहंती ने किया. मौके पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु, मेला समिति के सदस्य और शहर के लोग मौजूद थे.
