Ranchi: निसा का 103वां स्थापना दिवस समारोह आयोजित, वैज्ञानिकों के बीच समन्वय बढ़ाने पर जोर

भारतीय कृषि उच्चतर प्रसंस्करण संस्थान (निसा) ने अपना 103वां स्थापना दिवस मनाया. इस अवसर पर वैज्ञानिकों के बीच समन्वय और अनुसंधान गतिविधियों को बढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया. हिंदी पखवारा के विजेताओं को भी सम्मानित किया गया.

रांची. भारतीय कृषि उच्चतर प्रसंस्करण संस्थान (निसा) का 103वां स्थापना दिवस समारोह मनाया गया. संस्थान की स्थापना वर्ष 1924 में हुई थी. कार्यक्रम में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के उप महानिदेशक (कृषि विस्तार एवं कृषि अभियांत्रिकी) डॉ राजबीर सिंह मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए. परिषद के सहायक महानिदेशक (प्रक्षेत्र अभियांत्रिकी) डॉ केपी सिंह विशिष्ट अतिथि के रूप में वर्चुअल माध्यम से कार्यक्रम में जुड़े. संस्थान के निदेशक डॉ अभिजीत कर ने निसा की उपलब्धियों और सफलताओं की जानकारी दी.

वैज्ञानिकों के बीच समन्वय बढ़ाने पर जोर

मुख्य अतिथि डॉ राजबीर सिंह ने अपने संबोधन में परिषद के विभिन्न संस्थानों और वैज्ञानिकों के बीच आपसी समन्वय बढ़ाने पर जोर दिया. उन्होंने अनुसंधान से जुड़ी गतिविधियों और उपलब्धियों को साझा करने के प्रयासों पर विशेष ध्यान देने का आह्वान किया. विशिष्ट अतिथि डॉ केपी सिंह ने कहा कि वर्तमान समय में रिसर्च के काम पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है.

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हिंदी पखवारा के विजेता सम्मानित

कार्यक्रम के दौरान 1 से 15 सितंबर तक आयोजित हिंदी पखवारा के तहत विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेताओं को सम्मानित किया गया. इसके अलावा संस्थान की वार्षिक गृह पत्रिका ‘लाक्षा 2026’ का विमोचन भी किया गया. कार्यक्रम में डॉ मुहम्मद फहीम अंसारी ने स्वागत भाषण दिया, जबकि डॉ देबबंद्या महापात्रा ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया.

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By Manoj Kumar Singh

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आइआइटी कानपुर से जस्ट ट्रांजिशन विषय पर फेलोशिप प्राप्त करने वाले देश के पहले संवाददाता है. उनको दो बार एग्रई जर्निलिज्म अवार्ड मिल चुका है. झारखंड सरकार के वन विभाग से तिलका मांझी अवार्ड मिला है. कई मचों पर वह प्रभात खबर का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं. कई राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय कार्यशाला में हिस्सा ले चुके हैं.


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