रांची से बिपिन सिंह की रिपोर्ट
LPG Crisis: झारखंड के गैस बॉटलिंग प्लांट को रिफाइनरियों से 60% कम सप्लाई, पूरी नहीं हो पा रही मांगझारखंड के रिफाइनरियों से गैस बॉटलिंग प्लांट को होने वाली एलपीजी आपूर्ति में कमी मुख्य रूप से पश्चिम एशिया (मिडिल-ईस्ट) में चल रहे तनाव के कारण आई है, जिससे आयात बाधित हुआ है. इसका सीधा असर झारखंड को होने वाले सप्लाई पर पड़ा है. पहले जहां एक एलपीजी बॉटलिंग प्लांट से प्रतिदिन गैस बॉटलिंग प्लांट से पहले प्रतिदिन 35-40 एलपीजी ट्रकों से सिलेंडर डीलर्स तक पहुंचाई जाती थी, अभी एक प्लांट से यह घटकर 20 से 25 गाड़ियां रह गई है. होर्मुज से समुद्री परिवहन बाधित होने से शिपिंग में देरी हो रही है, जिससे बॉटलिंग प्लांट तक क्रूड आयल के साथ ही गैस की आपूर्ति पहुंचने में समय लग रहा है. झारखंड अपनी खपत का लगभग 100% गैस बाहर की रिफाइनरियों से मंगाता है. लेकिन, हाल के दिनों में वैश्विक संकट के चलते इसमें 50 से 60% सप्लाई में कमी आई है. गैस बॉटलिंग प्लांट में रोजाना औसतन 40% गैस की आपूर्ति सड़क मार्ग से टैंकरों के जरिए की जा रही है.
कॉमर्शियल सिलेंडरों की हुई कटौती
घरेलू सिलेंडर की आपूर्ति निर्बाध रखने के लिए, तेल विपणन कंपनियों आइओसीएल, बीपीसीएल, एचपीसीएल ने कॉमर्शियल सिलेंडर की आपूर्ति को सीमित कर दिया है, जिससे बॉटलिंग प्लांट और इसके बाद डीलर्स पॉइंट पर कॉमर्शियल के लिए कम आपूर्ति मिल रही है.
वॉटलिंग प्लांट की वास्तविक स्थिति
- 14 फरवरी युद्ध के पहले : हल्दिया रिवर पोर्ट से एक बॉटलिंग प्लांट को 15 एलपीजी टैंकर से गैस की डिलीवरी
- गैस रिफिल कर एजेंसियों के लिए डिस्पैच एलपीजी ट्रक : 36
- 07 अप्रैल युद्ध के बाद : हल्दिया रिवर पोर्ट से एक बॉटलिंग प्लांट को 07 एलपीजी टैंकर से गैस की डिलीवरी
- गैस रिफिल कर एजेंसियों के लिए डिस्पैच एलपीजी ट्रक : 28 इनमें 24 ट्रक झारखंड के एजेसिंयों के लिए जबकि, 04 बिहार को सप्लाई
डीलरों को होने वाली सप्लाई
- डीलरों को होने वाली एक सामान्य गाड़ी में सिलेंडर कैपेसिटी : 342
- डीलरों को होने वाली एक सामान्य गाड़ी में सिलेंडर कैपेसिटी : 360
- डीलरों को होने वाली एक नॉर्मल गाड़ी में सिलेंडर कैपेसिटी : 440
- डीलरों को होने वाली एक बड़ी गाड़ी में सिलेंडर कैपेसिटी : 504
गैस बॉटलिंग प्लांट से होने वाले उत्पादन पर
- मशीन का शिफ्ट : 24 घंटा में एक
- ऑटोमैटिक क्रोजन मशीन नंबर – 1 = एक घंटा में एक राउंड में 1600 सिलिंडर
- ऑटोमैटिक क्रोजन मशीन नंबर – 2 = एक घंटा में एक राउंड में 1600 सिलिंडर
- एलपीजी बॉटलिंग प्लांट की कुल उत्पादन = 3200 सिलिंडर/प्रति घंटा
कहां हो रही सप्लाई
- झारखंड के गैस बॉटलिंग प्लांट से राज्य के सभी जिलों के साथ पड़ोसी राज्य बिहार और उड़ीसा के कुछ जिलों में सप्लाई
- डिमांड ज्यादा – सप्लाई कम, हल्दिया रिवर पोर्ट से कम सप्लाई ने बढ़ाई परेशानी
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किल्लत के प्रमुख कारण
- लिक्विड पेट्रोलियम का वैश्विक संकट
- अत्यधिक डिमांड
- कम आपूर्ति
- डीलर स्तर पर कालाबाजारी और बिना डीएसई नंबर के अनावश्क मांग की पूर्ति
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