‘मेरा शब्द, मेरी कहानी’ अभियान के तहत रामगढ़ के स्कूलों में रीड-ए-थॉन, बच्चों में पढने की आदत पर जोर

रामगढ़ के सरकारी विद्यालयों में मेरा शब्द, मेरी कहानी अभियान के तहत रीड-ए-थॉन का आयोजन किया गया, जिसका उद्देश्य बच्चों में पठन कौशल को बढ़ावा देना है।

रामगढ़. ‘मेरा शब्द, मेरी कहानी’ पठन अभियान के तहत मंगलवार को जिले के सभी सरकारी विद्यालयों में रीड-ए-थॉन कार्यक्रम आयोजित किया गया. राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के उद्देश्यों के अनुरूप आयोजित कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों में पठन कौशल विकसित करने और नियमित रूप से पुस्तक पढने की आदत को बढावा देना है.

निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार सुबह 11 बजे से 11:30 बजे तक जिले के विभिन्न विद्यालयों में विद्यार्थियों, शिक्षकों और अभिभावकों ने बाल साहित्य की पुस्तकों का सामूहिक पठन किया. विद्यार्थियों को अपनी पसंद की पुस्तक पढने और उसकी विषय-वस्तु को अपने शब्दों में व्यक्त करने के लिए प्रेरित किया गया.

राज्यभर में यह पठन अभियान 15 अगस्त से 18 सितंबर तक संचालित किया जा रहा है. अभियान के तहत बच्चों में पढने, समझने, सोचने और अपनी बात अपने शब्दों में व्यक्त करने की क्षमता विकसित करने पर जोर दिया जा रहा है. बाल वाटिका से कक्षा 12 तक के विद्यार्थियों को गतिविधियों से जोडकर उनकी पठन समझ, भाषा कौशल, रचनात्मकता, कल्पनाशीलता और अभिव्यक्ति क्षमता को मजबूत करने का प्रयास किया जा रहा है.

अभियान के तहत विद्यालयों में सामूहिक पठन, कहानी लेखन और अपनी कहानी अपने शब्दों में प्रस्तुत करने जैसी गतिविधियां भी करायी जा रही हैं. विद्यार्थियों को पसंद की पुस्तक पढने के बाद उसकी विषय-वस्तु अपने शब्दों में बताने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है, ताकि पठन के साथ भाषा और अभिव्यक्ति कौशल का भी विकास हो.

जिला शिक्षा अधीक्षक खुशबू कुमारी ने बताया कि जिले के कक्षा एक से 12 तक के सभी सरकारी विद्यालयों में निर्धारित गतिविधियों को समयबद्ध और प्रभावी ढंग से संचालित करने का निर्देश दिया गया है. उन्होंने कहा कि अभियान बच्चों को किताबों से जोडने के साथ उनकी कल्पनाशीलता, सीखने की क्षमता और आत्मविश्वास बढाने में सहायक होगा.

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By डॉ. सलाउद्दीन

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