पलाश कार्यक्रम से शिक्षकों को मिली नई दिशा, बहुभाषी शिक्षा होगी सशक्त

पलाश कार्यक्रम से शिक्षकों को मिली नई दिशा, बहुभाषी शिक्षा होगी सशक्त

लोहरदगा़ झारखंड राज्य में राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 एवं निपुण भारत मिशन के अंतर्गत पलाश-बहुभाषी शिक्षा कार्यक्रम को प्रभावी रूप से लागू करने के लिए चयनित 50 विद्यालयों के शिक्षकों के लिए छह दिवसीय जिला स्तरीय प्रशिक्षण 17 से 22 जुलाई 2025 तक डायट चिरी, लोहरदगा में आयोजित किया गया. प्रशिक्षण का उद्घाटन डीएसइ सह डीओ अभिजीत कुमार, एपीओ एम्लेन सुरिन एवं डायट प्राचार्य प्रभारी ने संयुक्त रूप से किया़ एलएलएफ टीम का तकनीकी सहयोग भी रहा. इस प्रशिक्षण का उद्देश्य शिक्षकों को पलाश कार्यक्रम के नवीन पाठ्यपुस्तक व शिक्षक संदर्शिका से अवगत कराना और कक्षा शिक्षण में क्रियान्वयन के लिए सक्षम बनाना था. प्रशिक्षण के दौरान मौखिक गणित बातचीत, मुख्य दक्षताओं पर आधारित गतिविधियाँ, अभ्यास पुस्तिका का प्रयोग, खेल-खेल में गणित, डिकोडिंग, लेखन, पठन कौशल, साप्ताहिक योजना, मूल्यांकन और ट्रैकर पर हस्ताक्षर की प्रक्रिया जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत जानकारी दी गयी. शिक्षकों ने समूहों में पाठ योजना तैयार कर प्रस्तुतिकरण दिया और शिक्षक संदर्शिका के अनुसार सुधार के लिए सुझाव प्राप्त किये. सभी विद्यालयों को पाठ्यपुस्तक व संदर्शिका भी प्रदान की गयी. डीएसइ अभिजीत कुमार ने शिक्षकों को मातृभाषा आधारित बहुभाषी शिक्षा की महत्ता समझाते हुए कक्षा में बेहतर क्रियान्वयन के लिए प्रेरित किया. यह प्रशिक्षण कार्यक्रम बहुभाषी शिक्षा को जमीनी स्तर पर मजबूती देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है.

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Published by: Shailesh ambashtha

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