मो शमीम की रिपोर्ट
बालूमाथ (लातेहार). सरकार की महत्वाकांक्षी वीबीजी-रामजी योजना में मजदूरों की फर्जी तस्वीरें अपलोड कर उपस्थिति दर्ज कराने के मामले में बीडीओ सोमा उरांव ने कार्रवाई की है. संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर चार मेठों को बर्खास्त कर दिया गया है. वहीं संबंधित पंचायतों के तीन रोजगार सेवकों से स्पष्टीकरण मांगा गया है.
एनएमएमएस के माध्यम से मजदूरों की तस्वीरें अपलोड
जानकारी के अनुसार, बालू पंचायत के बालू गांव में रूक्साना बीवी की जमीन पर आम बागवानी योजना में मेठ जासमीन बीवी, मासियातू पंचायत के लक्ष्मीपुर में रामसहाय लोहरा की जमीन पर मेठ बसंती देवी, बालू गांव में चंदर गंझू की जमीन पर मेठ निशा कुमारी तथा भगिया पंचायत के केरी गांव में फुलमनी देवी की जमीन पर मेठ राजकुमारी ने एनएमएमएस के माध्यम से मजदूरों की तस्वीरें अपलोड की थीं.
लॉगिन पर डुप्लीकेट मस्टर फोटो
जांच के दौरान उक्त तस्वीरें प्रखंड लॉगिन पर डुप्लीकेट मस्टर फोटो के रूप में मिलीं. प्रथम दृष्टया फर्जी तस्वीरों के माध्यम से मजदूरों की उपस्थिति दर्ज कराने की पुष्टि हुई. इसके बाद संबंधित मेठों के खिलाफ कार्रवाई की गयी. बीडीओ सोमा उरांव ने कहा कि सरकारी योजनाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए जांच का सिलसिला जारी रहेगा. किसी भी स्तर पर अनियमितता मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई की जायेगी.
