कोडरमा: बिरसा सांस्कृतिक भवन में अभियान निदेशक स्वच्छ भारत मिशन पेयजल एवं स्वच्छता विभाग, झारखंड रंजीता हेम्ब्रम की अध्यक्षता में स्वच्छता संवाद का आयोजन किया गया. इस दौरान रंजीता हेम्ब्रम ने कहा कि स्वच्छता केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं है, बल्कि जनभागीदारी से सफल होने वाला व्यापक जन-आंदोलन है. प्रत्येक व्यक्ति को स्वच्छता के प्रति अपनी जिम्मेदारी समझनी होगी.
उन्होंने जल सहियाओं से गांव-गांव में स्वच्छता के प्रति जनजागरूकता बढ़ाने तथा विभिन्न समुदायों, स्वयं सहायता समूहों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों को अभियान से सक्रिय रूप से जोड़ने का आह्वान किया. संवाद के दौरान अभियान निदेशक ने कहा कि ग्राम स्तर पर स्वच्छता अभियान को जन-आंदोलन का स्वरूप देते हुए प्रत्येक ग्रामीण की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाये.
माहवारी स्वच्छता प्रबंधन को सुदृढ़ करने के लिए ग्राम पंचायतों में भस्मक यंत्र (इंसीनरेटर) की स्थापना हेतु ग्राम पंचायत विकास योजना में योजनाओं का चयन किया जाये. श्रावण माह के दौरान विशेष स्वच्छता अभियान चलाकर स्वच्छता का संदेश प्रत्येक घर और परिवार तक पहुंचाया जाये.
उन्होंने कहा कि निर्मित सभी व्यक्तिगत एवं सामुदायिक शौचालयों का नियमित उपयोग सुनिश्चित कराया जाये तथा ग्रामीणों को इनके उपयोग के लिए लगातार प्रेरित किया जाय. विद्यालयों में जल सहियाओं के माध्यम से स्वच्छता एवं व्यवहार परिवर्तन से संबंधित जागरूकता गतिविधियों का नियमित आयोजन किया जाये.
मौके पर कार्यपालक अभियंता, जिला पंचायत राज पदाधिकारी, विभिन्न ग्राम पंचायतों के मुखिया, जल सहियाएं, वार्ड सदस्य एवं अन्य जनप्रतिनिधि मौजूद थे.
