कोडरमा : सांसद डाॅ रवींद्र राय ने गत दिन जीएम हाजीपुर व डीआरएम धनबाद से बातचीत कर क्षेत्र की रेल समस्याओं से उन्हें अवगत कराया है. सांसद ने अधिकारियों को बताया कि कोडरमा जंक्शन इस लोकसभा क्षेत्र को सबसे बड़ा स्टेशन है. ए ग्रेड का स्टेशन होने के बावजूद यहां पेयजल की घोर किल्लत है.
इस पर अधिकारियों ने उन्हें बताया कि बार-बार बोरिंग कराने के बावजूद पानी नहीं मिल पाता है. सांसद ने उन्हें आश्वासन दिया की जितन पानी की जरूरत है मिलेगा. इसके लिए डीवीसी के अध्यक्ष के साथ बातचीत की जायेगी. उन्होंने बताया कि रेल परिसर में नाश्ता, भोजन की कोई व्यवस्था नहीं है. फूड प्लाजा को अविलंब चालू कराया जायें.
सांसद ने कहा कि कोडरमा जंक्शन बने दो वर्ष बीत गये, पर आज तक आरक्षित टिकटों पर जंक्शन अंकित नहीं किया गया है. उन्होंने मांग की कि पुरानी सीढ़ी का प्लेटफार्म संख्या छह व सात में उतारते हुए निकास किया जाये. इससे वृद्ध लोगों को सहूलियत मिलेगी. दक्षित साइड में टिकट घर में ट्रेनों के आने-जाने के टाइम टेबल का डिस्पले बोर्ड लगाया जाये. कोडरमा-कोवाड़ रेल लाइन पर सात दिन ट्रेन चलायी जाये. इस पर डीआरएम ने उन्हें बताया कि एक दिन साफ-सफाई व रख-रखाव का है. रविवार की जगह जिस दिन कहा जायेगा, उस दिन ट्रेन बंद रहेगा.
सांसद ने कोडरमा-गिरिडीह व कोडरमा-तिलैया दोनों रेल परियोजनाओं की धीमि गति पर रोष जताते हुए कहा कि यही कारण है कि रेलवे को बार-बार प्राक्कलन की राशि बढ़ानी पड़ती है. डीआरएम ने बताया कि जनवरी 2018 तक गिरिडीह तक रेल का काम पूरा हो जायेगा.
उन्होंने कहा कि जनता द्वारा कोडरमा कोर्ट हाल्ट की मांग बार-बार की जा रही है. कोडरमा टाउन स्टेशन कोडरमा बाजार से पांच किलोमीटर दूर एक सुनसान इलाके में है, जहां आने-जाने का कोई साधन नहीं है.
सांसद ने कोडरमा बाजार में कोडरमा हाल्ट स्थापित करने की दिशा में अविलंब पहल करने को कहा. इसके अलावा सांसद ने कोडरमा स्टेशन पर विभिन्न नौ ट्रेनों के ठहराव को लेकर भी बात रखी. ज्ञात हो कि उक्त बातचीत 16 मई को मंडल प्रबंधक पूर्व मध्य रेलवे धनबाद द्वारा बोधगया में आहूत बैठक में हुई.
