हजारों महिलाओं के मंगल कलश से भक्तिमय हुआ जामताड़ा, मां चंचला महोत्सव का हुआ आगाज
Maa Chanchala Mahotsav: जामताड़ा में तीन दिवसीय मां चंचला महोत्सव की शुरुआत भव्य मंगल कलश शोभायात्रा के साथ हुई. हजारों महिलाओं की सहभागिता, महिला ढाकी और आदिवासी वाद्यों ने पूरे शहर को भक्तिमय माहौल में डुबो दिया. यह महोत्सव 18 जनवरी तक चलेगा.
Maa Chanchala Mahotsav, जामताड़ा, (उमेश कुमार): जामताड़ा में तीन दिवसीय मां चंचला महोत्सव की शुरुआत शुक्रवार को भव्य मंगल कलश शोभायात्रा के साथ हुई. सुबह से ही मां चंचला मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी. गाजे-बाजे और जयकारों के बीच निकाली गई इस शोभायात्रा में हजारों महिलाएं माथे पर मंगल कलश लेकर शामिल हुईं, जिससे पूरा शहर भक्तिमय माहौल में डूब गया.
हर लोगों ने निभाई भागीदारी
मंगल कलश शोभायात्रा मां चंचला मंदिर परिसर से निकलकर स्टेशन रोड, टावर चौक और बाजार क्षेत्र का भ्रमण करते हुए पुनः मंदिर परिसर में आकर संपन्न हुई. शोभायात्रा के दौरान श्रद्धालु मां चंचला के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़ते रहे. इसमें छोटे बच्चों से लेकर बुजुर्ग श्रद्धालुओं तक ने पूरे उत्साह से भागीदारी निभाई.
महिला ढाकी और आदिवासी वाद्य बने आकर्षण
शोभायात्रा में पश्चिम बंगाल से आईं महिला ढाकी विशेष आकर्षण का केंद्र रहीं. महिलाओं द्वारा ढाक बजाकर प्रस्तुत की गई धुनों ने श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया. इसके अलावा आदिवासी ढोल-नगाड़ा, बैंड पार्टी, पारंपरिक आदिवासी नृत्य और आकर्षक झांकियों ने शोभायात्रा की भव्यता को और बढ़ा दिया.
हजारों श्रद्धालुओं की सहभागिता
शोभायात्रा में मुख्य यजमान वीरेंद्र मंडल सहित हजारों महिला श्रद्धालुओं ने भाग लिया. सभी श्रद्धालु पूरे उत्साह और श्रद्धा के साथ मंगल कलश लेकर चल रही थीं. शहर के विभिन्न इलाकों से श्रद्धालु इस आयोजन को देखने के लिए सड़कों पर उमड़ पड़े.
18 जनवरी तक चलेगा महोत्सव
मां चंचला महोत्सव 16, 17 और 18 जनवरी तक मनाया जाएगा. इस दौरान भक्ति जागरण, चंडी पाठ, हवन, भजन संध्या और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा. महोत्सव को लेकर पूरे जामताड़ा में भक्तिमय वातावरण बना हुआ है और श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है.
