हजारीबाग. शहर में पिछले पांच दिनों से नियमित रूप से कचरा उठाव नहीं होने के कारण जगह-जगह गंदगी का अंबार लग गया है. बारिश के कारण घरों और दुकानों से निकलनेवाला कचरा भीगकर सड़ने लगा है. इससे आसपास के इलाकों में दुर्गंध फैल रही है. लोगों को नाक पर कपड़ा रखकर गुजरना पड़ रहा है.
सबसे खराब स्थिति हजारीबाग सब्जी मंडी की है. मंडी परिसर और आसपास जमा कचरा सड़ने के कारण दुर्गंध फैल रही है. प्रतिदिन मंडी से करीब पांच से छह ट्रैक्टर कचरा निकलता है. सब्जी और फल के अवशेष जमा होने से स्थिति और खराब हो गयी है. दुकानदारों और आम लोगों में इसे लेकर नाराजगी है. डेली मार्केट में किसान कचरे के बीच बैठकर सब्जी बेचने को मजबूर हैं.
वैकल्पिक डंपिंग स्थल पर भी विरोध
मंडई डंपिंग यार्ड में कचरा गिराने पर स्थानीय लोगों की ओर से रोक लगाये जाने के बाद नगर निगम ने मंगलवार को खिरगांव स्थित पुराने डंपिंग यार्ड में सड़ा कचरा गिराना शुरू किया. निगम के पांच से सात ट्रैक्टर कचरा यहां गिराया गया. इसके बाद स्थानीय लोगों ने विरोध शुरू कर दिया और करीब 12 बजे कचरा गिराने का काम रुकवा दिया.
स्थानीय लोगों का कहना है कि अंतरराज्यीय बस अड्डा बनाने के लिए यहां जमा कचरा हटाया गया था. दोबारा कचरा डंप किये जाने से विकास कार्य प्रभावित होगा.
पार्षदों ने एजेंसी की कार्यप्रणाली पर उठाये सवाल
वार्ड 10 की पार्षद पाकीजा खातुन ने कहा कि मंडई में कचरा निस्तारण प्लांट नहीं लगाये जाने के कारण समस्या बनी हुई है. सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट के तहत एजेंसी सही तरीके से काम नहीं कर रही है. निगम को इस मामले में ध्यान देने की जरूरत है. मोहल्ले में लोग पार्षदों से पूछ रहे हैं कि कचरा कब उठेगा.
वार्ड तीन के पार्षद विजय प्रसाद ने कहा कि कचरा नहीं उठाये जाने से वार्ड के सभी मोहल्लों के लोग दुर्गंध से परेशान हैं. उनके अनुसार, सफाई एजेंसी गुरू रामदास नियम के अनुसार काम नहीं कर रही है, जिससे बार-बार समस्या उत्पन्न हो रही है. उन्होंने नगर निगम के वरीय पदाधिकारियों और जनप्रतिनिधियों से मामले में संज्ञान लेने की मांग की.
वार्ड 35 की पार्षद अनामिका पासवान ने कहा कि उनका वार्ड स्लम क्षेत्र है. अभियान चलाकर वार्ड की सफाई करायी गयी थी, लेकिन कचरा नहीं उठाये जाने से फिर गंदगी जमा होने लगी है. बारिश के कारण गीले कचरे से मच्छरों का प्रकोप भी बढ़ रहा है. उन्होंने कहा कि शहर में लगातार पर्व-त्योहार हैं, इसके बावजूद जगह-जगह गंदगी बनी हुई है.
वार्ड नौ के पार्षद बैजनाथ राम ने कहा कि उनका वार्ड नगर निगम में शामिल हुआ है, लेकिन यहां शहर जैसी सफाई व्यवस्था नहीं है. कचरा उठाव बंद होने से सभी मोहल्लों में कचरा जमा है और अब इससे दुर्गंध आने लगी है.
वार्ड आठ की पार्षद रीता नाथ ने कहा कि सफाई नहीं होने से जगह-जगह कचरे का ढेर लगा है. कचरा उठानेवाली एजेंसी नियमित सफाई नहीं करती है. टीपर वाहन भी रोज घर-घर तक नहीं पहुंचता है और सफाई कर्मियों द्वारा घरों से कचरा नहीं उठाये जाने की शिकायत मिल रही है. कचरा उठाव बंद होने से पूरे मोहल्ले के लोग परेशान हैं.
