प्रतिनिधि, पथरगामा. चिलरा पुल से बलिया मोड़ तक जाने वाली सड़क इन दिनों राहगीरों के लिए मुसीबत बन गयी है. जर्जर सड़क पर जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे उभर आये हैं और बारिश का पानी भर जाने से हालात और बदतर हो गये हैं. पानी से लबालब गड्ढों की गहराई का अंदाजा नहीं लग पाने के कारण वाहन चालक लगातार दुर्घटना के खतरे के बीच सफर करने को मजबूर हैं.
पानी भरे गड्ढे बने सबसे बड़ा खतरा
स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, बारिश के बाद सड़क के गड्ढों में पानी भर जाता है. ऐसे में वाहन चालकों को सड़क की वास्तविक स्थिति का पता नहीं चल पाता. दिन के उजाले में भी कई जगहों पर संभलकर वाहन चलाना पड़ता है, जबकि शाम ढलने के बाद परेशानी और बढ़ जाती है. अंधेरे में गड्ढे दिखाई नहीं देने के कारण कई बाइक सवार गिरकर घायल हो चुके हैं.
रोजाना सैकड़ों लोगों की आवाजाही
यह सड़क कई पंचायतों और गांवों को जोड़ने वाला महत्वपूर्ण मार्ग है. प्रतिदिन इसी रास्ते से सैकड़ों ग्रामीणों के अलावा स्कूली छात्र-छात्राएं और किसान आवागमन करते हैं. ग्रामीणों का कहना है कि सड़क की बदहाली का सीधा असर रोजमर्रा की आवाजाही पर पड़ रहा है. सबसे अधिक परेशानी दोपहिया वाहन चालकों और स्कूली बच्चों को हो रही है.
एंबुलेंस के गुजरने में भी परेशानी
ग्रामीणों के अनुसार, इसी मार्ग से मरीजों को लेकर एंबुलेंस भी गुजरती है. सड़क की खराब स्थिति के कारण आपात स्थिति में मरीजों को अस्पताल पहुंचाने में परेशानी हो सकती है. इसके बावजूद लंबे समय से सड़क की मरम्मत नहीं होने से लोगों में नाराजगी है.
यह भी पढ़ें:
स्कूल में ताला, दरवाजे पर करा दी वेल्डिंग; दुमका में ग्रामीणों का अनोखा विरोध
जल्द मरम्मत नहीं हुई तो हो सकता है बड़ा हादसा
ग्रामीणों ने प्रशासन से सड़क की जल्द से जल्द मरम्मत कराने की मांग की है. लोगों का कहना है कि बारिश के मौसम में गड्ढों की समस्या और गंभीर हो गयी है. यदि समय रहते सड़क का जीर्णोद्धार नहीं कराया गया तो किसी दिन बड़ी दुर्घटना हो सकती है.
