गोड्डा : लूटपाट की घटना पुलिस के सायरन से नहीं रुकी बल्कि तब रुकी जब एंबुलेंस का सायरन बजा. एंबुलेंस के सायरन व नीली बत्ती के भुकभुकाहट के कारण ही अपराधी लुटकांड को छोड़कर फरार हो गये. मतलब डरे सहमे परिवारों के लिये एंबुलेंस तारणहार बनकर आया. इसके बाद पुलिस की वाहन पहुंची. जब पुलिस की वाहन पहुंची तब तक अपराधी भाग खड़े हुए थे. प्रत्यक्षदर्शियों की मानें तो पुलिस के वाहन को पहुंचने के बाद भी काफी देर तक लोग वाहनों में ही जमे रहे.
खौफ इतना था कि वाहन में फंसे लोग पुलिस के आने के बाद भी डर से वाहन से निकलना नहीं चाह रहे थे. काफी डरे सहमे थे. जब पुलिस जगह पर पहुंची तो वाहन से लोग निकले. लोग इतने डरे व सहमे थे कि भागने में ही अपनी भलाई समझी. प्रत्यक्षदर्शी इस घटना का बयां करते करते डर गये. कई परिवार के लोगो ने तो किसी प्रकार घर फोन कर अपने परिजनों को बुलाया.
