प्रतिनिधि, पथरगामा. प्रखंड के पीपरा पंचायत के अंतर्गत होपनाटोला गांव में स्वतंत्रता सेनानी और चुआड़ विद्रोह के महानायक क्रांतिवीर शहीद रघुनाथ महतो का शहादत दिवस मनाया गया. टोटेमिक कुड़मी विकास मोर्चा की ओर से शहीद की तस्वीर पर पुष्प माला, धूप-अगरबत्ती से श्रद्धांजलि अर्पित की गयी. इस अवसर पर टोटेमिक कुड़मी विकास मोर्चा के जिलाध्यक्ष दिनेश कुमार महतो ने शहीद रघुनाथ महतो के जीवन परिचय पर प्रकाश डालते हुए बताया कि शहीद रघुनाथ महतो का जन्म 21 मार्च 1738 को झारखंड के सरायकेला-खरसावां जिले के नीमडीह प्रखंड के घुटियाडीह गांव में एक कुड़मी किसान परिवार में हुआ था. बचपन से ही रघुनाथ महतो निर्भीक, क्रांतिकारी और अन्याय के खिलाफ प्रतिकार करने वाले थे. वे अन्याय और शोषण के विरुद्ध हमेशा डटकर मुकाबला करते रहे. जिलाध्यक्ष ने शहीद रघुनाथ महतो के नारे “अपना गांव, अपना राज, दूर भगाओ विदेशी राज ” का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने लोगों में स्वतंत्रता की भावना जागृत की. उन्होंने बताया कि 5 अप्रैल 1778 को अमर बलिदान देने वाले रघुनाथ महतो अपने साथियों के साथ रामगढ़ छावनी को लूटने की योजना बना रहे थे, लेकिन गुप्तचरों की सूचना पर अंग्रेजों ने लोटा गांव में उनके ठिकाने को घेर लिया. वहां हुए भीषण युद्ध में कई साथियों के साथ रघुनाथ महतो शहीद हो गए. उन्होंने कहा कि आज के समाज को ऐसे वीर शहीद रघुनाथ महतो की जीवनी को आत्मसात करने की आवश्यकता है. इस मौके पर दिव्यांश कुमार महतो, दीपक कुमार महतो, प्रिंस कुमार महतो, दीप्ति श्री महतो, कलावती महतो, सोनी महतो समेत दर्जनों समाज के लोग मौजूद थे.
टोटेमिक कुड़मी मोर्चा ने रघुनाथ महतो की वीरता को किया नमन
पथरगामा के होपनाटोला गांव में स्वतंत्रता सेनानी एवं चुआड़ विद्रोह के नायक शहीद रघुनाथ महतो का शहादत दिवस टोटेमिक कुड़मी विकास मोर्चा ने मनाया। जिलाध्यक्ष दिनेश कुमार महतो ने रघुनाथ महतो के जीवन और उनके क्रांतिकारी संघर्ष पर प्रकाश डाला। रघुनाथ महतो का जन्म 21 मार्च 1738 को झारखंड के नीमडीह गांव में हुआ था। वे अन्याय के खिलाफ साहस से लड़ते थे। उनका नारा था "अपना गांव, अपना राज, दूर भगाओ विदेशी राज "। 5 अप्रैल 1778 को अंग्रेजों द्वारा घेराबंदी में वे और उनके साथी रामगढ़ छावनी लूट की योजना के दौरान शहीद हो गए। इस अवसर पर समाज के कई लोग उपस्थित थे। जिलाध्यक्ष ने आज के समाज को उनके संघर्ष से प्रेरणा लेने पर जोर दिया।
