Giridih News: बांस से बने सूप को लेकर प्रसिद्ध है पथलडीहा गांव

Giridih News: सिमराढाब पंचायत के पथलडीहा गांव के परिवार तीन पीढ़ियों से बांस से सूप, टोकरी व पंखा बनाकर अपने परिवार का जीविकोपार्जन कर रहे हैं. यहां का बना सूप इतना बढ़िया होता है कि जो एक बार खरीदता है, वह बार-बार इसे खरीदने को मजबूर हो जाता है. इसकी मुख्य वजह लोगों की मेहनत है. यहां के लोग मेहनत की बदौलत ये लोग मजबूत सूप व अन्य सामग्री बनाते हैं.

ग्रामीण सुनील तुरी, भीम तुरी, पप्पू तुरी, जितेंद्र तुरी, बसंती देवी, सोनिया देवी समेत अन्य ने बताया कि इस गांव में लगभग 150 परिवार हैं, जिसमें 50 महिला व एक सौ पुरुष इस काम से जुड़े हुए हैं. महिलाएं अपने पति को बांस लाने से लेकर इसे काटने और बनी हुई सामग्री को बाजार में बेचने में सहयोग करती हैं. लोगों ने बताया कि अगल बगल के गांव से 150 रुपये प्रति बांस खरीदकर वे लाते हैं. कभी कभार बांस नहीं मिलने पर उन्हें काफी दिक्कती होती है. बांस दूर से लाने में भी काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है.

200-250 रुपये में बिक रहा है सूप

लोगों ने बताया कि अभी सूप 200-250 रुपये, पंखा 40-50 रुपये, जबकि टोकरी की कीमत वह साइज के अनुसार लेते हैं. कहा कि यह काफी मेहनत का काम है. इस काम को हमारे पूर्वजों के समय से किया जा रहा है. उन्हीं से काम सीखा था. बताया कि सीजन के दौरान स्थानीय बाजार में सूप समेत अन्य सामान बेचते हैं. जबकि, अन्य दिनों में वह गांवों में घूमकर इसकी बिक्री करते हैं. कहा कि हमलोगों के हाथ का बना हुआ सूप या अन्य सामान का जो एक बार प्रयोग कर लेता है. उसके परिवार के दूसरे प्रदेश में भी रहनेवाले लोग भी यहां से सूप लाने की बात करते हैं. इस कारण गिरिडीह ही नहीं, बल्कि कोडरमा, हजारीबाग, धनबाद में यहां की बांस की सामग्री की मांग है.

सरकार से पूंजी देने को लेकर लगायी गुहार

लोगों ने कहा कि सरकार से जो सुविधा मिलनी चाहिए, वह मिल रही है. सितंबर व अक्तूबर माह में सरकार हमलोगों को कम से कम 50 हजार रुपये पूंजी दे दे. हमलोगों के पास ज्यादा पूंजी रहेगी, तो थोक में बांस की खरीदकर ज्यादा व्यवसाय कर मुनाफा कमा सकेंगे. सरकार से मिली पूंजी हमलोग किस्त में वापस लौटा देंगे. कहा कि पूंजी नहीं रहने के कारण वे दो तीन बांस खरीदकर लाते हैं और सामग्री तैयार कर बाजार में बेचते हैं.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: MAYANK TIWARI

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >