पढ़ाई के लिए शादी तोड़ने वाली पिंकी पर बन रही फिल्म

कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय बांगुड़दा से प्लस टू की पढ़ाई करना चाहती है पिंकी गोबरघुसी गांव की रहने वाली है पिंकी प्रमाणिक यूनिसेफ की मदद से अपनी शादी तोड़ी यूनिसेफ की टीम पिंकी पर बना रही है डॉक्युमेंट्री फिल्म पटमदा : पटमदा के गोबरघुसी गांव की रहने वाली पिंकी प्रमाणिक कस्तूरबा गांवी आवासीय बालिका विद्यालय […]

कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय बांगुड़दा से प्लस टू की पढ़ाई करना चाहती है पिंकी

गोबरघुसी गांव की रहने वाली है पिंकी प्रमाणिक
यूनिसेफ की मदद से अपनी शादी तोड़ी
यूनिसेफ की टीम पिंकी पर बना रही है डॉक्युमेंट्री फिल्म
पटमदा : पटमदा के गोबरघुसी गांव की रहने वाली पिंकी प्रमाणिक कस्तूरबा गांवी आवासीय बालिका विद्यालय बांगुड़दा से प्लस टू करना चाहती है. पिंकी ने वर्ष 2016 में गोबरघुसी स्कूल से मैट्रिक की परीक्षा पास की है. मैट्रिक पास करने के बाद ही पिंकी के परिवार वाले पिंकी की शादी के लिए पश्चिम बंगाल के बड़ाबाजार में लड़का देख शादी तय कर दिये थे.
लेकिन पिंकी शादी से पहले, दिन तीन माह पूर्व वैशाख माह में यूनिसेफ की मदद से अपने अभिभावक के फैसले के खिलाफ खड़ी हो गयी एवं शादी तोड़ दी. पिंकी की इच्छा है कि वह पढ़ लिख कर अपने पैर पर खड़ी हो, इसके बाद ही शादी करें. पिंकी ने कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय बांगुड़दा में नामांकन को लेकर आवेदन भी दे दिया है, लेकिन अभी तक नामांकन नहीं हुआ है.
विद्यालय की वार्डेन का कहना है कि जिला से आदेश आते ही पिंकी का नामांकन कर लिया जायेगा. बीडीअो सच्चिदानंद महतो भी पिंकी के नामांकन के लिए प्रयासरत है. पिंकी के माता-पिता काफी गरीब है. यूनिसेफ की टीम भी पिंकी के नामांकन के लिए लगी हुई है अौर वर्तमान में पिंकी के लाइफ स्टोरी पर यूनिसेफ डॉक्युमेंट्री फिल्म भी तैयार कर रही है.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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