रोष. अमर नायक सिदो कान्हू की प्रतिमा को क्षतिग्रस्त किये जाने से ग्रामीण क्षुब्ध, कहा
चांदपुर, धोधुमा व दुमका के बुड़ियारी में ग्रामीणों ने विरोध में बैठक कर जताया आक्रोश
सिदो-कान्हू मुर्मू के वंशजों को सुरक्षा मुहैया कराने की मांग
दुमका : संताल हूल के अमर नायक सिदो कान्हू की जन्मस्थली भोगनाडीह में सिदो-कान्हू मुर्मू के प्रतिमा को क्षतिग्रस्त करने व उनके वंशजों के साथ मारपीट करने की सूचना से आदिवासियों में काफी नाराजगी देखी जा रही है. विभिन्न गांवों में ग्रामीण बैठक कर इसका विरोध दर्ज करा रहे हैं. रामगढ़ प्रखंड के चांदपुर, धोधुमा व दुमका प्रखंड के बुड़ियारी गांव में ग्रामीणों ने इसके विरोध में बैठक की. कहा कि यह स्वत्रतंता सेनानी सिदो-कान्हू का अपमान है. घटना से सिर्फ आदिवासी समाज को ही नहीं बल्कि पूरे देश को दुखित किया है. जिस राज्य में स्वंत्रता सेनानी की प्रतिमा के साथ-साथ उनके वंशज सुरक्षित नहीं है
तो कैसे आमलोग सुरक्षित महसूस कर सकते हैं. कहा, इस तरह से शहीदों के अपमान को बरदाश्त नहीं किया जायेगा. वहीं कड़ी कार्रवाई की मांग की. वंशजों को सुरक्षा मुहैया कराने, घायलों काे अच्छे हॉस्पिटल में मुफ्त इलाज कराने, क्षतिग्रस्त प्रतिमा को 24 घंटे के अंदर बनवाने की मांग की. बैठकों में नरेश टुडू, पटवारी सोरेन, बुधराय हेंब्रम, अब्राहम सोरेन, दिवान मरांडी, शिवलाल मुर्मू, मंगल मुर्मू, सुनील किस्कू, प्रेम हांसदा, चुड़का हांसदा, सोमेश मुर्मू, सुरेन्द्र हेम्ब्रम, चरण टुडू, बबलू टुडू, सूरजमुनी हेम्ब्रम, धोनमुनि हेम्ब्रम, पकलू मरांडी, धनी मरांडी आदि मौजूद थे.
राज्य में जब अमर शहीद के वंशज ही सुरक्षित नहीं तो आमलोगों की सुरक्षा कैसे हो : आंदोलनकारी
प्रतिमा क्षतिग्रस्त करने व वंशजों से मारपीट करने का विरोध जताते ग्रामीण व दुमका-पाकुड़ मुख्य पथ जाम करते छात्र. फोटो । प्रभात खबर
