धनसार स्थित होटल रेडिसन में मिताथालिया परिवार की ओर से आयोजित श्रीराम कथा के दूसरे दिन संतश्री विजय कौशल महाराज ने जीवन, परिवार और संस्कारों के महत्व पर प्रकाश डाला. उन्होंने कहा कि यदि वृद्धावस्था में संतान माता-पिता का अनादर करती है या उन्हें घर से निकाल देती है, तो इसके लिए केवल संतान को दोषी नहीं ठहराया जा सकता. इसके पीछे माता-पिता द्वारा दिये गये संस्कार और पारिवारिक वातावरण भी जिम्मेदार होते हैं. जैसी भूमि होती है, वैसी ही फसल उगती है.
Dhanbad News: संतान का व्यवहार माता-पिता के संस्कारों का परिणाम : विजय कौशल
होटल रेडिसन में श्रीराम कथा के दूसरे दिन बड़ी संख्या में उमड़े श्रद्धालु.
