निरसा से अरिंदम चक्रवर्ती
Dhanbad News: धनबाद के सांसद ढुल्लू महतो के केलियासोल अंचल के सांसद प्रतिनिधि बापी दे के खिलाफ उनकी पत्नी अर्चना दे ने प्रताड़ना, मारपीट और अन्य गंभीर आरोप लगाते हुए पंचेत ओपी में लिखित शिकायत दर्ज कराई है. शिकायत के आधार पर पुलिस मामले की जांच में जुट गई है. हालांकि समाचार लिखे जाने तक आरोपों पर सांसद प्रतिनिधि बापी दे का पक्ष सामने नहीं आ सका है.
पति समेत ससुराल पक्ष पर लगाए गंभीर आरोप
पंचेत ओपी क्षेत्र के पतलाबाड़ी निवासी अर्चना दे ने अपनी शिकायत में पति बापी दे के अलावा ससुर निताई दे, सास प्रतिमा दे तथा देवर रिंकू दे और बिरजू दे पर प्रताड़ित करने और मारपीट करने का आरोप लगाया है. शिकायत में कहा गया है कि विवाह के बाद से उन्हें लगातार मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाता रहा है. उन्होंने पुलिस से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर कानूनी कार्रवाई की मांग की है.
अंतरजातीय विवाह का किया उल्लेख
अर्चना दे ने अपने आवेदन में बताया है कि वह अनुसूचित जाति से हैं और वर्ष 2010 में उन्होंने बापी दे के साथ अंतरजातीय विवाह किया था. दंपति का एक 12 वर्षीय पुत्र भी है. उनका आरोप है कि विवाह के बाद से उन्हें कई बार प्रताड़ना का सामना करना पड़ा और समय के साथ स्थिति और गंभीर होती चली गई.
मारपीट और जान से मारने की धमकी का आरोप
अर्चना दे ने आरोप लगाया है कि उनके पति अक्सर उनके साथ मारपीट करते हैं और विरोध करने पर जान से मारने की धमकी देते हैं. शिकायत के अनुसार, 22 जून की रात उनके पति ने कथित रूप से उनका गला दबाया, जिससे उन्हें काफी परेशानी हुई. उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सास उन्हें प्रताड़ित करने के लिए पति को उकसाती हैं और परिवार के अन्य सदस्य भी उनके साथ दुर्व्यवहार करते हैं.
बेटे से मिलने नहीं देने का भी आरोप
शिकायत में अर्चना दे ने कहा है कि उनके बेटे को उनसे अलग कर सास-ससुर के पास रखा गया है और उन्हें उससे मिलने नहीं दिया जाता. उनका आरोप है कि पिछले दो दिनों से उनके पति बेटे को अपने साथ कहीं ले गए हैं, जिसकी जानकारी उन्हें नहीं दी गई. उन्होंने यह भी कहा है कि उन्हें घरेलू खर्च के लिए पर्याप्त पैसे नहीं दिए जाते और आर्थिक रूप से भी परेशान किया जाता है.
अन्य आरोप भी लगाए
अर्चना दे ने अपने आवेदन में आरोप लगाया है कि उनके पति के कई महिलाओं से संबंध हैं और इसका विरोध करने पर उन्हें धमकियां दी जाती हैं. उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि उनके साथ जातिसूचक शब्दों का प्रयोग किया गया और उन्हें मारपीट कर घर से बाहर निकाल दिया गया. इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि फिलहाल नहीं हो सकी है. मामले की जांच पुलिस कर रही है.
सांसद प्रतिनिधि से संपर्क नहीं हो सका
इस मामले में सांसद प्रतिनिधि एवं भाजपा नेता बापी दे का पक्ष जानने के लिए संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनका मोबाइल फोन स्विच ऑफ मिला. इसलिए आरोपों पर उनकी प्रतिक्रिया प्राप्त नहीं हो सकी.
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पुलिस ने जांच शुरू की
पंचेत ओपी प्रभारी सुजीत कुमार सिंह ने बताया कि लिखित शिकायत प्राप्त हुई है. पुलिस मामले की जांच कर रही है. जांच के बाद तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
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