संवाददाता, सारठ: नव भारत साक्षरता कार्यक्रम के तहत सारठ प्रखंड में नवसाक्षरों के संख्यात्मक आकलन के लिए जांच परीक्षा आयोजित की जायेगी. परीक्षा को लेकर बीईईओ सह नोडल पदाधिकारी अमिताभ झा ने विद्यालय स्तर पर परीक्षा केंद्र निर्धारित कर दिये हैं. जारी आदेश में परीक्षा केंद्रों की सूची के साथ संबंधित विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को केंद्राधीक्षक तथा कार्यरत शिक्षकों को वीक्षक के रूप में नामित किया गया है.
नवसाक्षरों के साथ ड्रॉपआउट को भी मौका
जांच परीक्षा में वर्तमान नवसाक्षरों के अलावा 18 से 35 वर्ष अथवा उससे अधिक उम्र के वैसे लोग भी शामिल हो सकेंगे, जो पूर्व में साक्षरता कार्यक्रम से जुड़े थे, लेकिन उन्हें प्रमाण पत्र नहीं मिला है. इसके अलावा ऐसे वयस्क ड्रॉपआउट, जिनके पास साक्षर होने का कोई प्रमाण पत्र नहीं है, उन्हें भी परीक्षा में शामिल किया जा सकेगा.
परीक्षा में विद्यालय के रसोइया, विद्यालय प्रबंधन समिति के नवसाक्षर सदस्य तथा माता समिति के सदस्यों को भी शामिल करने का प्रावधान किया गया है. इससे साक्षरता कार्यक्रम से जुड़े विभिन्न वर्गों के लोगों को आकलन परीक्षा में शामिल होने का अवसर मिलेगा.
सर्वे में चिह्नित अभ्यर्थियों की संख्या बढ़ सकती है
आदेश के अनुसार, यदि किसी परीक्षा केंद्र अथवा विद्यालय द्वारा ऑनलाइन या ऑफलाइन सर्वे कराया गया है, तो निर्धारित संख्या से अधिक अभ्यर्थियों को भी परीक्षा में शामिल किया जा सकता है. यानी सर्वे के दौरान चिह्नित पात्र लोगों को परीक्षा में शामिल करने की व्यवस्था की गयी है.
कदाचारमुक्त परीक्षा के निर्देश
केंद्राधीक्षकों को प्रतिनियुक्त वीक्षकों के सहयोग से परीक्षा कदाचारमुक्त वातावरण में संपन्न कराने का निर्देश दिया गया है. सभी वीक्षकों को परिचय पत्र निर्गत करने तथा परीक्षा के दौरान एनआईओएस की गाइडलाइन का अक्षरशः पालन कराने को कहा गया है.
परीक्षा समाप्त होने के बाद उत्तर पुस्तिकाओं को परीक्षा केंद्र पर ही सुरक्षित रखने का निर्देश दिया गया है. वहीं, सीआरपी एवं बीआरपी को अपने-अपने संकुल के विद्यालयों का पर्यवेक्षण कर परीक्षा से संबंधित रिपोर्ट निर्धारित प्रपत्र में उपलब्ध कराने को कहा गया है.
परीक्षा अवधि में नहीं मिलेगा अवकाश
जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि परीक्षा अवधि में संबंधित कर्मियों को किसी प्रकार का अवकाश देय नहीं होगा. परीक्षा को व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए केंद्राधीक्षकों, वीक्षकों, सीआरपी और बीआरपी को निर्धारित जिम्मेदारियों का पालन करने का निर्देश दिया गया है.
