पीरगंज ईदगाह में एक दिवसीय जलसा आयोजित
कार्यक्रम की शुरुआत कारी रिजवान अहमद द्वारा खुतबा ए इस्तकबालिया पेश कर की गई. इसके बाद अमीर-ए-शरीयत ने अपने संबोधन में कहा कि मुसलमानों को दीन की तालीम के साथ-साथ दुनियावी शिक्षा हासिल करना भी बेहद जरूरी है.
शिक्षा ही समाज व राष्ट्र के विकास का है मूल आधार : अमीर ए शरीयतकिशनपुर
प्रखंड अंतर्गत किशनपुर उत्तर पंचायत स्थित पीरगंज ईदगाह मैदान में एक दिवसीय विशाल जलसा का आयोजन किया गया. जलसे में दूर-दराज के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ उमड़ी. कार्यक्रम में शामिल होने तथा अमीर ए शरीयत बिहार, झारखंड, ओडिशा एवं पश्चिम बंगाल अमीर ए शरीयत का एक झलक पाने के लिए लोगों में खासा उत्साह देखा गया. कार्यक्रम की शुरुआत कारी रिजवान अहमद द्वारा खुतबा ए इस्तकबालिया पेश कर की गई. इसके बाद अमीर-ए-शरीयत ने अपने संबोधन में कहा कि मुसलमानों को दीन की तालीम के साथ-साथ दुनियावी शिक्षा हासिल करना भी बेहद जरूरी है. उन्होंने कहा कि शिक्षा ही समाज और राष्ट्र के विकास का मूल आधार है.
नशामुक्त समाज के निर्माण में अपनी सक्रिय भूमिका निभाने की अपील
नई पीढ़ी को आधुनिक शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़कर अपनी भागीदारी सुनिश्चित करनी चाहिए. उन्होंने नशाखोरी को समाज के लिए घातक बताते हुए कहा कि नशा एक दीमक की तरह है, जो धीरे-धीरे पूरे समाज को खोखला कर देता है. उन्होंने युवाओं से नशे से दूर रहने और नशामुक्त समाज के निर्माण में अपनी सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की. जलसे में उपस्थित मुफ्ती सईदुर्रहमान, मौलाना अबुल कलाम शम्शी, मुफ्ती अंजार कासमी, मुफ्ती वासी अहमद कासमी, मौलाना मिनहाज कासमी एवं काजी अबुल कासिम रहमानी मुफ्ती रजी अहमद नदवी सहित कई उलेमाओं ने अमीर-ए-शरीयत के विचारों को गंभीरता से सुना और शिक्षा, सामाजिक सुधार तथा राष्ट्रीय एकता के संदेश को अपनाने का संकल्प लिया. कार्यक्रम में एक शादी भी करवाया गया. जो दहेज मुक्त शादी का पैगाम दिया गया. कार्यक्रम में मो समद, डॉ इमरान अहमद, डॉ सफीउद्दीन, डॉ गुफरान अहमद, मौलाना हामिद, अली अकबर, दिलशाद, खलील, मो जब्बीर, मो रियाजुद्दीन, मो जियाउद्दीन सहित हजारों लोग शामिल हुए. कार्यक्रम शांतिपूर्ण एवं सफलतापूर्वक संपन्न हुआ.