Panchayat Training: जिला पंचायत संसाधन केंद्र सीवान में मंगलवार को पंचायतों को गरीबी मुक्त, आजीविका उन्नत एवं सामाजिक रूप से सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया. प्रशिक्षण में बड़हरिया एवं महाराजगंज प्रखंड के प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी, पंचायत सचिव, प्रखंड कार्यपालक सहायक, लेखापाल-सह-तकनीकी सहायक एवं पंचायत कार्यपालक सहायक शामिल हुए.
कार्यक्रम का शुभारंभ जिला पंचायत राज पदाधिकारी बालेंदु नारायण पांडेय एवं नोडल जिला पंचायत संसाधन केंद्र द्वारा दीप प्रज्वलित कर किया गया. प्रशिक्षण के दौरान सतत विकास लक्ष्यों के स्थानीयकरण की थीम-1 एवं थीम-7 से संबंधित विषयों पर विस्तार से जानकारी दी गयी.
गरीबी उन्मूलन और आजीविका के अवसर बढ़ाने पर जोर
“गरीबी मुक्त एवं आजीविका उन्नत गांव” के तहत गरीबी उन्मूलन, आजीविका के अवसरों को बढ़ावा देने तथा पात्र परिवारों को सरकारी योजनाओं से जोड़ने की जानकारी दी गयी. वहीं “सामाजिक रूप से सुरक्षित गांव” के तहत सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन एवं पात्र लाभार्थियों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने पर विशेष जोर दिया गया.
पंचायत स्तर पर योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन की जानकारी
प्रशिक्षण के दौरान नोडल जिला पंचायत संसाधन केंद्र के शैलेश प्रसाद एवं रूपेश चंद्र तिवारी ने प्रशिक्षण दिया. प्रशिक्षकों ने सतत विकास लक्ष्यों के स्थानीयकरण से संबंधित संकेतकों, पंचायत स्तर पर योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, अभिलेख संधारण एवं समयबद्ध प्रतिवेदन तैयार करने के संबंध में आवश्यक जानकारी दी.
पंचायत कर्मियों की क्षमता बढ़ाना रहा उद्देश्य
प्रशिक्षण का उद्देश्य पंचायत पदाधिकारियों एवं कर्मियों की क्षमता और दक्षता बढ़ाना तथा पंचायतों को गरीबी मुक्त, आजीविका उन्नत एवं सामाजिक रूप से सुरक्षित पंचायत के रूप में विकसित करना रहा. प्रशिक्षण के माध्यम से पंचायत स्तर पर सरकारी योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन और पात्र लाभार्थियों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने की प्रक्रिया को प्रभावी बनाने पर जोर दिया गया.
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