सीवान में श्मशान घाट की जमीन पर बढ़ा विवाद, मौके पर पहुंचे भाजपा जिलाध्यक्ष राहुल तिवारी, ग्रामीणों की सुनीं समास्याएं

Siwan News: अंतिम संस्कार में बाधा उत्पन्न होने की शिकायतों के बीच भाजपा जिलाध्यक्ष राहुल तिवारी ने गुरुवार को स्थल का निरीक्षण किया और ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं.

Siwan News: (सीवान से अमर नाथ शर्मा की रिपोर्ट )
सीवान नगर परिषद क्षेत्र के चकिया स्थित श्मशान घाट की भूमि को लेकर विवाद गहराता जा रहा है. अंतिम संस्कार में बाधा उत्पन्न होने की शिकायतों के बीच भाजपा जिलाध्यक्ष राहुल तिवारी ने गुरुवार को स्थल का निरीक्षण किया और ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं. ग्रामीणों ने प्रशासन से भूमि की पैमाइश, सीमांकन, घेराबंदी और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग उठाई है.

श्मशान घाट की जमीन को लेकर ग्रामीणों में बढ़ी चिंता

जानकारी के अनुसार, चकिया गांव स्थित खाता संख्या-49, सर्वे संख्या-130 की 12 कठ्ठा 18 धुर भूमि राजस्व अभिलेखों में मुरदघटी (श्मशान घाट) के रूप में दर्ज बताई जा रही है. ग्रामीणों का कहना है कि वर्षों से इस भूमि का उपयोग अंतिम संस्कार और दफनाने के कार्य के लिए किया जाता रहा है.

अंतिम संस्कार में बाधा पहुंचाने का लगाया आरोप

ग्रामीणों द्वारा जिलाधिकारी को दिए गए आवेदन में आरोप लगाया गया है कि हाल के दिनों में कुछ लोगों द्वारा श्मशान घाट में अंतिम संस्कार के लिए आने पर आपत्ति जताई जा रही है. इससे स्थानीय लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है और सामाजिक तनाव की स्थिति उत्पन्न हो रही है.

राहुल तिवारी ने मौके पर पहुंचकर सुनी लोगों की समस्याएं

भूमि विवाद की सूचना मिलने पर भाजपा जिलाध्यक्ष राहुल तिवारी ने गुरुवार को श्मशान घाट का निरीक्षण किया. इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी समस्याओं और शिकायतों की जानकारी ली. मौके पर स्थानीय जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में ग्रामीण भी मौजूद रहे.

प्रशासन से जांच और समाधान की मांग

निरीक्षण के बाद राहुल तिवारी ने जिला प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर शीघ्र समाधान निकालने का आग्रह किया. उन्होंने कहा कि सार्वजनिक उपयोग की भूमि से जुड़े मामलों का निपटारा राजस्व अभिलेखों और विधिक प्रक्रिया के अनुरूप होना चाहिए, ताकि किसी भी पक्ष के अधिकार प्रभावित न हों.

भूमि सीमांकन और घेराबंदी की उठी मांग

ग्रामीणों ने प्रशासन से श्मशान घाट की भूमि की पैमाइश कर सीमांकन कराने, घेराबंदी करवाने और अतिक्रमण की संभावनाओं को रोकने की मांग की है. उनका कहना है कि स्पष्ट सीमांकन होने से भविष्य में किसी प्रकार का विवाद उत्पन्न नहीं होगा और अंतिम संस्कार की प्रक्रिया निर्बाध रूप से जारी रह सकेगी.

जिलाधिकारी और अंचल अधिकारी से की गई पहल

राहुल तिवारी ने बताया कि इस संबंध में जिलाधिकारी और संबंधित अंचल अधिकारी से बातचीत कर मामले की जांच कराने तथा आवश्यक कार्रवाई करने का अनुरोध किया गया है. उन्होंने उम्मीद जताई कि प्रशासन जल्द ही उचित कदम उठाकर ग्रामीणों की समस्या का समाधान करेगा.

कई जनप्रतिनिधि और ग्रामीण रहे मौजूद

निरीक्षण के दौरान नगर परिषद की उपसभापति किरण गुप्ता, भाजपा नेता जयप्रकाश गुप्ता, भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य सुभाष सिंह कुशवाहा समेत चकिया गांव के कई ग्रामीण उपस्थित रहे. सभी ने एक स्वर में श्मशान घाट की भूमि को सुरक्षित रखने और अंतिम संस्कार की व्यवस्था सुचारु बनाए रखने की मांग की.

Also Read: सीवान में प्रभात खबर का अपराजिता सम्मान समारोह आज, नम्रता के सुर और एहसान के ठहाकों से गुलजार होगी शाम

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Sakshi kumari

साक्षी देश के प्रथम राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद की धरती सीवान से आती हैं. पत्रकारिता में करियर की शुरुआत News4Nation के साथ की. 3 सालों तक डिजिटल माध्यम से पत्रकारिता करने के बाद वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल के साथ कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं. बिहार की राजनीति में रुचि रखती हैं. हर दिन नया सीखने के लिए इच्छुक रहती हैं.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >