बिहार-झारखंड का सफर होगा आसान, NH 333A बनेगा अब पहले से ज्यादा चौड़ा, बरबीघा-बांका हाईवे के लिए तैयारी तेज

Bihar News: बिहार के शेखपुरा से बांका होते हुए झारखंड सीमा तक जाने वाली NH 333A को अब 7 मीटर चौड़ा किया जाएगा. 166 किलोमीटर लंबे इस जर्जर हाईवे को नए सिरे से बनाने के लिए बिजली के खंभों को हटाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है.

Bihar News: बिहार के शेखपुरा के बरबीघा से शुरू होकर बांका के रास्ते झारखंड सीमा तक जाने वाली नेशनल हाईवे 333ए को नए सिरे से बनाने की तैयारी तेज हो गई है. इस प्रोजेक्ट के तहत सड़क की चौड़ाई को 5 मीटर से बढ़ाकर 7 मीटर किया जाएगा. सड़क चौड़ी होने से न केवल ट्रैफिक जाम से मुक्ति मिलेगी, बल्कि वाहन चालकों का सफर भी पहले से कहीं ज्यादा आसान हो जाएगा.

जर्जर हाल में है सड़क

यह सड़क वर्तमान में कई जगहों पर जर्जर हालत में है. मेंटेनेंस के बावजूद भारी वाहनों के दबाव और कम चौड़ाई की वजह से सड़क बार-बार खराब हो रही थी. अब विभाग ने इसे पूरी तरह नए सिरे से बनाने का फैसला लिया है. 166 किलोमीटर लंबे इस हाईवे के निर्माण से शेखपुरा, सिकंदरा, जमुई, झाझा और बांका के बीच कनेक्टिविटी काफी मजबूत हो जाएगी. इससे स्थानीय व्यापार को भी बढ़ावा मिलेगा.

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क्या योजना बनाई गई

सड़क निर्माण के रास्ते में आ रही बाधाओं को दूर करने के लिए भी कदम उठाए जाने लगे हैं. हाईवे के दोनों किनारों पर लगे बिजली के पोल को हटाने की योजना बनाई गई है. इसके लिए एनएच कार्यालय ने चीफ इंजिनियर को पत्र लिखकर बिजली कंपनी के साथ कोर्डिनेशन करने को कहा है. जल्द ही पोल की गिनती का काम शुरू होगा ताकि निर्माण कार्य के दौरान बिजली न कटे और काम भी तेजी से पूरा किया जा सके.

इस पूरे प्रोजेक्ट की देखरेख पथ निर्माण विभाग करेगी. बरबीघा से लेकर बांका और पंजवारा होते हुए झारखंड सीमा तक इस हाईवे का नया स्वरूप क्षेत्र के विकास में मील का पत्थर साबित होगा. सड़क के चौड़ीकरण से एक्सीडेंट में कमी आने की उम्मीद है और झारखंड आने-जाने वाले यात्रियों के समय की भी बचत होगी.

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Published by: Paritosh Shahi

परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

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