Rohtas News : योगियां गांव में चंदेश्वर चौधरी हत्याकांड को लेकर भाकपा माले के महासचिव दीपांकर भट्टाचार्य ने पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाये हैं. सोमवार को योगियां गांव का दौरा करने के बाद बिक्रमगंज के एक होटल में आयोजित पत्रकार वार्ता में उन्होंने कहा कि हत्याकांड और इसके बाद हुई घटनाओं में पुलिस की भूमिका सवालों के घेरे में है.
घटनास्थल से शराब और हथियार मिलने की बात पर उठाया सवाल
दीपांकर भट्टाचार्य ने कहा कि अजीत तिवारी द्वारा चंदेश्वर चौधरी की हत्या के बाद घटनास्थल से बड़ी संख्या में शराब की बोतलें और अवैध हथियार मिलने की बात सामने आयी है. उन्होंने सवाल उठाया कि इतनी मात्रा में शराब और हथियार घटनास्थल तक कैसे पहुंचे. उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष और गंभीर जांच कराने की मांग की.
ग्रामीणों के आक्रोश को आपराधिक घटना के रूप में पेश करने का आरोप
माले महासचिव ने कहा कि हत्या के बाद आरोपी शव लेकर भाग गया, जिससे ग्रामीणों में आक्रोश उत्पन्न हुआ. इसी आक्रोश में आरोपी के घर में तोड़फोड़ की घटना हुई. उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ग्रामीणों के आक्रोश को समझने के बजाय इस घटना को आपराधिक गतिविधि के रूप में प्रस्तुत करने में लगी है.
दोनों प्राथमिकी के स्वरूप पर भी सवाल
दीपांकर भट्टाचार्य ने दोनों पक्षों की ओर से दर्ज प्राथमिकी के स्वरूप पर भी सवाल उठाया. उन्होंने आरोप लगाया कि दोनों प्राथमिकी की भाषा और प्रारूप को देखने से ऐसा प्रतीत होता है कि उन्हें किसी के इशारे पर एक ही व्यक्ति द्वारा तैयार कराया गया है. उन्होंने कहा कि इन सभी बिंदुओं की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए.
पुलिस के खिलाफ प्रतिरोध की चेतावनी
उन्होंने कहा कि भाकपा माले पूरे मामले पर नजर रख रही है. पार्टी जल्द ही प्रतिरोध के माध्यम से पुलिस की कार्यशैली का जवाब देगी. उन्होंने पीड़ित पक्ष को न्याय दिलाने के लिए आंदोलन तेज करने के संकेत भी दिये.
पत्रकार वार्ता में आरा सांसद सुदामा प्रसाद, पूर्व सांसद रामेश्वर प्रसाद, काराकाट विधायक अरुण सिंह, डुमरांव के पूर्व विधायक अजीत सिंह कुशवाहा, जवाहर लाल सिंह, अशोक कुमार सिंह, कैसर नेहाल, कृष्ण मेहता, रवि शंकर सिंह, राजेंद्र सिंह यादव, अनुग्रह नारायण सिंह सहित कई पार्टी पदाधिकारी मौजूद रहे.
