डेहरी प्रखंड के मिडिल स्कूल घोंघा डिलियां में कक्षा छह से आठवीं तक विषयवार शिक्षकों की कमी है. इसके बावजूद वर्गों को व्यवस्थित कर बच्चों की पढ़ाई सुचारू रूप से करायी जा रही है. वहीं, प्रधानाध्यापक की ओर से स्कूल में अधिशेष शिक्षकों के पदस्थापन का इंतजार किया जा रहा है.
प्रधानाध्यापक संभाल रहे संकुल का प्रभार
प्रधानाध्यापक नंद कुमार बीते कई महीनों से संकुल संसाधन केंद्र उच्चतर माध्यमिक विद्यालय दुर्गापुर का प्रभार भी संभाल रहे हैं. इसके कारण स्कूल में शिक्षण कार्य प्रभावित हो रहा है. प्रधानाध्यापक ने बताया कि स्कूल में बीपीएससी टीआर वन, टू और थ्री से किसी शिक्षक का पदस्थापन नहीं किया गया है.
कक्षा एक से आठवीं तक 270 छात्र-छात्राएं
प्रधानाध्यापक के अनुसार स्कूल में कक्षा एक से आठवीं तक करीब 270 छात्र-छात्राएं नामांकित हैं. कक्षा छह से आठवीं तक विद्यार्थियों की संख्या के अनुपात में विषयवार शिक्षक उपलब्ध नहीं हैं. स्कूल में संस्कृत, हिंदी, गणित, उर्दू और अंग्रेजी विषय के शिक्षक नहीं हैं.
सात शिक्षकों के भरोसे स्कूल
स्कूल में वर्तमान में कुल सात शिक्षक-शिक्षिकाएं हैं. इनमें विज्ञान शिक्षक अरविंद कुमार सिंह 30 सितंबर को सेवानिवृत्त हो जायेंगे. इससे शिक्षकों की कमी और बढ़ने की स्थिति बन सकती है.
खेल सामग्री है, लेकिन शारीरिक शिक्षक नहीं
स्कूल में खेल सामग्री उपलब्ध है, लेकिन शारीरिक शिक्षक नहीं हैं. जमीन के अभाव में स्कूल में खेल मैदान और चहारदीवारी भी नहीं है. खेल मैदान नहीं होने से छात्र-छात्राओं के मानसिक और शारीरिक विकास पर असर पड़ रहा है. साथ ही बच्चों में खेल प्रतिभाओं के कमजोर होने की बात कही गयी है.
चहारदीवारी नहीं होने से सुरक्षा का अभाव
स्कूल में नौ कमरे और एक कार्यालय कक्ष है. चहारदीवारी नहीं होने के कारण स्कूल में सुरक्षा का अभाव महसूस होता है. स्कूल परिसर में चहारदीवारी की कमी भी एक प्रमुख समस्या बनी हुई है.
कम राशि में बच्चों को गुणवत्तापूर्ण भोजन
स्कूल में मेन्यू के अनुसार कम राशि में बच्चों को गुणवत्तापूर्ण मध्याह्न भोजन परोसा जाता है. विद्यालय में उपलब्ध सुविधाओं के बीच शिक्षकों की कमी एक प्रमुख समस्या बनी हुई है.
अधिशेष शिक्षकों के पदस्थापन का इंतजार
बताया गया कि सरकारी स्कूलों में विषयवार, खासकर गणित, विज्ञान और अंग्रेजी के शिक्षकों की कमी दूर करने के लिए नियमित नियुक्तियों, पारदर्शी समायोजन और वैकल्पिक व्यवस्थाओं पर तेजी से काम किया जा रहा है. इसके बावजूद मिडिल स्कूल घोंघा डिलियां में अधिशेष शिक्षकों के पदस्थापन का इंतजार किया जा रहा है.
