सारण: बाबा महेंद्र नाथ स्थित कमलदाह सरोवर में चलाया गया महा-स्वच्छता अभियान

सारण प्रमंडल के बाबा महेंद्रनाथ मंदिर स्थित ऐतिहासिक कमलदाह सरोवर की स्वच्छता के लिए युवा जन सेवा संगठन ने सराहनीय पहल की है. संगठन के सदस्य हर रविवार को श्रमदान कर पोखरे से जलकुंभी हटाते हैं और घाटों की सफाई करते हैं. इस अनूठी मुहिम में युवाओं और युवतियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया है.

Saran News: छपरा-सीवान सीमा क्षेत्र पर स्थित सारण प्रमंडल के ऐतिहासिक और अटूट आस्था के प्रमुख केंद्र बाबा महेंद्रनाथ मंदिर स्थित 'कमलदाह सरोवर' पोखरे के कायाकल्प और स्वच्छता के लिए युवा जन सेवा संगठन ने एक अनूठी व सराहनीय पहल शुरू की है. संगठन के सदस्यों और स्थानीय क्षेत्रीय युवाओं द्वारा प्रत्येक रविवार को नियमित रूप से श्रमदान कर ऐतिहासिक पोखरे से जलकुंभी हटाने और उसके घाटों की विशेष साफ-सफाई करने का बीड़ा उठाया गया है.

श्रद्धालुओं को स्वच्छ वातावरण देना है मुख्य उद्देश्य

युवा जन सेवा संगठन से जुड़े युवाओं ने बताया कि धार्मिक और ऐतिहासिक दृष्टिकोण से अत्यंत महत्वपूर्ण होने के बावजूद इस पवित्र सरोवर में पिछले कुछ समय से गंदगी जमा हो रही थी, जिससे दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था. संगठन का मुख्य उद्देश्य पोखरे के जल को पूर्णतः स्वच्छ व निर्मल रखना, घाटों पर जमा प्लास्टिक और कचरे को हटाना तथा यहां आने वाले शिवभक्तों को एक साफ-सुथरा और मनभावन धार्मिक वातावरण प्रदान करना है.

युवाओं के साथ युवतियों ने भी निभाया श्रमदान, पॉलीथिन और काई को किया नष्ट

सफाई अभियान के दौरान संगठन के कार्यकर्ताओं ने रविवार को बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया. युवाओं ने कमर तक पानी में उतरकर पोखरे के आसपास फैले पॉलीथिन, भारी मात्रा में जमी काई और अन्य अपशिष्ट (वेस्ट) पदार्थों को बाहर निकाला और उसे एक उचित स्थान पर ले जाकर नष्ट किया. इस विशेष स्वच्छता अभियान की सबसे खास बात यह रही कि इसमें सैकड़ों क्षेत्रीय युवाओं के साथ-साथ युवतियों ने भी कंधे से कंधा मिलाकर अपनी सक्रिय सहभागिता निभाई. युवाओं ने संकल्प लिया है कि जब तक इस पवित्र जलाशय की पूरी तरह सफाई नहीं हो जाती, तब तक हर रविवार को यह अभियान निरंतर जारी रहेगा.

प्रबुद्धजनों ने की सराहना, धरोहरों को सहेजने की अपील

युवा जन सेवा संगठन की इस अनूठी मुहिम की स्थानीय नागरिकों, प्रबुद्धजनों और मंदिर न्यास से जुड़े लोगों द्वारा भारी सराहना की जा रही है. स्थानीय लोगों का मानना है कि युवाओं के इस नि:स्वार्थ प्रयास से न केवल पर्यावरण सुरक्षित होगा, बल्कि हमारी प्राचीन ऐतिहासिक धरोहरों का भी वास्तविक संरक्षण हो सकेगा. संगठन ने आम जनता और मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं से भी भावुक अपील की है कि वे सरोवर और उसके सुंदर घाटों को पवित्र बनाए रखने में अपना सहयोग दें तथा यहां-वहां कचरा फैलाकर इसे दूषित न करें.

Also Read: सारण: मढ़ौरा में युवक की संदेहास्पद मौत मामले में हत्या का मामला दर्ज, दो गिरफ्तार


प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Chandrashekhar Saran

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >