Patna Metro: पटना मेट्रो परियोजना अब तेजी से जमीन पर दिखने लगी है. शहर में मेट्रो सेवा शुरू होने के बाद अब इसके विस्तार पर युद्धस्तर पर काम चल रहा है. इसी कड़ी में खेमनीचक और मलाही पकड़ी के बीच पटना मेट्रो का पहला इंटरचेंज स्टेशन तेजी से तैयार किया जा रहा है.
यह स्टेशन शहर की मेट्रो कनेक्टिविटी का सबसे बड़ा केंद्र बनने वाला है. यहां यात्री एक कॉरिडोर से उतरकर आसानी से दूसरे कॉरिडोर की मेट्रो पकड़ सकेंगे. अधिकारियों के मुताबिक अगस्त तक इस स्टेशन का निर्माण पूरा होने की उम्मीद है.
दो बड़े रूट को जोड़ेगा इंटरचेंज स्टेशन
यह इंटरचेंज स्टेशन पटना मेट्रो के दोनों अहम कॉरिडोर को जोड़ेगा. कॉरिडोर-1 की मेट्रो जगनपुरा, मीठापुर और पटना जंक्शन तक जाएगी. वहीं कॉरिडोर-2 की ट्रेनें मलाही पकड़ी, राजेंद्रनगर, पीएमसीएच और गांधी मैदान होते हुए पटना जंक्शन पहुंचेंगी. पटना जंक्शन को भी बड़े इंटरचेंज स्टेशन के रूप में विकसित किया जा रहा है. इससे यात्रियों को पूरे शहर में सफर करना और आसान हो जाएगा.
यात्रियों के लिए बन रहे दो प्लेटफॉर्म
खेमनीचक स्टेशन को आधुनिक इंटरचेंज हब के रूप में तैयार किया जा रहा है. यहां दोनों कॉरिडोर के लिए अलग-अलग प्लेटफॉर्म और कॉनकोर्स एरिया बनाए जा रहे हैं. कॉरिडोर-2 यानी मलाही पकड़ी रूट का प्लेटफॉर्म लगभग तैयार हो चुका है. ट्रायल रन के दौरान यहां से मेट्रो गुजर भी चुकी है. दूसरी तरफ कॉरिडोर-1 यानी मीठापुर रूट पर तेजी से काम जारी है और करीब आधा निर्माण पूरा हो चुका है.
दो मंजिला होगा स्टेशन
यह स्टेशन पूरी तरह एलिवेटेड और दो मंजिला बनाया जा रहा है. नीचे सड़क पर वाहनों की आवाजाही होगी, जबकि ऊपर मेट्रो चलेगी. यात्रियों की सुविधा के लिए स्टेशन पर 5 लिफ्ट और 6 एस्केलेटर लगाए जा रहे हैं. साथ ही आने-जाने के लिए दो एंट्री और दो एग्जिट गेट बनाए जा रहे हैं.
मेट्रो को मिलेगा यूटर्न सिस्टम
कॉरिडोर-2 की मेट्रो मलाही पकड़ी से चलकर फोर्ड हॉस्पिटल के पास बने स्टेशन तक जाएगी. वहां से ट्रेन भूतनाथ और न्यू पाटलिपुत्र बस टर्मिनल होते हुए वापस लौटेगी. वहीं कॉरिडोर-1 की ट्रेनें मीठापुर रूट से आकर क्रॉसओवर के जरिए दिशा बदलेंगी और फिर वापस अपने रूट पर लौट जाएंगी.
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