पटना के बाढ़ में मोबाइल हेल्थ क्लिनिक का हुआ शुभारंभ, नि:शुल्क मिलेगी स्वास्थ्य सेवा

इस इकाई का मुख्य उद्देश्य उच्च स्वास्थ्य सेवाओं के द्वारा मातृ मृत्यु दर और शिशु मृत्यु दर को कम करना व नवजात शिशुओं को निवारक प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करना व गर्भवती और नयी माताओं को प्रसव पूर्व और प्रसवोत्तर निवारक स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करना है.

एनटीपीसी बाढ़ पटना की ओर से गुरुवार को नि:शुल्क स्वस्थ्य सेवा मोबाइल हेल्थ क्लिनिक व मातृत्व एवं शिशु चिकित्सा सेवा की शुरुआत की गई. एनटीपीसी बाढ़ की आर एंड आर/सीएसआर नीति के तहत परियोजना प्रभावित ग्रामों के लिए इस इकाई को चलाया गया है. इस योजना से 12 पंचायतों के लगभग 69 गांवों के हजारों ग्रामीण लाभान्वित होंगे.

स्वास्थ्य सेवाओं को हर ग्राम तक सुलभ करना लक्ष्य 

इस सेवा का उद्घाटन बाढ़ के परियोजना प्रमुख असित दत्ता ने हरी झंडी दिखा कर किया. इस दौरान परियोजना के विभिन्न विभाग अध्यक्ष, चिकित्सा प्रमुख बाढ़, आर एंड आर, एचआर अन्य चिकित्सक सहित वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे. बाढ़ परियोजना का मिशन सामान्य स्वास्थ्य सेवाओं को हर ग्राम तक सुलभ करना है.

महिला चिकित्सक व नर्स भी उपस्थित रहेगी

इस मेडिकल इकाई के साथ मातृत्व व शिशु चिकित्सा सेवा के लिए एक महिला चिकित्सक व नर्स भी उपस्थित रहेगी, जो आशा वर्कर के साथ घर-घर जाकर गर्भवती महिलाओं व शिशुओं के स्वास्थ्य जांच करेगी. इस इकाई का मुख्य उद्देश्य उच्च स्वास्थ्य सेवाओं के द्वारा मातृ मृत्यु दर और शिशु मृत्यु दर को कम करना व नवजात शिशुओं को निवारक प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करना व गर्भवती और नयी माताओं को प्रसव पूर्व और प्रसवोत्तर निवारक स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करना है.

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कुल लागत लगभग 2 करोड़ रुपये

मौके पर असित दत्ता ने परियोजना प्रभावित गांवों में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान करने में एनटीपीसी बाढ़ की सराहना की. योजना की कुल लागत लगभग 2 करोड़ रुपये है और अवधि चार वर्ष की है. जरूरत पड़ने पर इस योजना की समय अवधि बढ़ाई जायेगी. योजना का औपचारिक रूप से शुभारंभ धीवर पंचायत में कैंप करके किया गया.

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