Bihar Ka Mausam: बिहार के 3 जिलों में भारी बारिश का रेड अलर्ट, IMD ने पूरे राज्य में इस दिन तक मौसम खराब रहने की चेतावनी की जारी

Bihar Ka Mausam: पटना मौसम विज्ञान केंद्र ने बताया कि आने वाले 48 घंटे के दौरान बिहार के सभी जिलों में आंधी-तूफान चलने, तेज बारिश होने और ठनका गिरने की संभावना है. इस दौरान 3 जिलों में भयंकर बारिश को लेकर रेड अलर्ट जारी किया गया है.

Bihar Ka Mausam: बिहार में 5 अक्टूबर तक बारिश का दौर जारी रहेगा. इस दौरान कई जिलों में अत्यंत भारी बारिश, कई जिलों में अति भारी बारिश और कई जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी हुई है. पटना मौसम विज्ञान केंद्र ने भारी बारिश के साथ-साथ 30 से 40 किमी प्रति घंटा की गति से हवा चलने और ठनका गिरने की भी बात कही है. ऐसे मौसम में लोगों को सतर्क रहने को कहा गया है.

Imd alert

किस जिले में कौन सा अलर्ट

पटना मौसम विज्ञान केंद्र ने बिहार के 3 जिलों में रेड अलर्ट जारी किया है. इनमें मधुबनी, दरभंगा और वैशाली शामिल है. इन जिलों में अत्यंत भारी बारिश होने की संभावना है.

पटना मौसम विज्ञान केंद्र ने बिहार के 3 जिलों में ऑरेंज अलर्ट भी जारी किया है. इन जिलों में सारण, मुजफ्फरपुर और सुपौल शामिल है. इन जिलों में अति भारी बारिश हो सकती है.

6 जिलों के अलावा पूर्वी चंपारण, पश्चिमी चंपारण, शिवहर, सीतामढ़ी, गोपालगंज, सिवान, बक्सर, भोजपुर, कैमूर, रोहतास, औरंगाबाद, गया, नवादा, नालंदा, शेखपुरा, समस्तीपुर, मुंगेर समेत कई जिलों में बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी हुआ है.

बिहार चुनाव की ताजा खबरों के लिए क्लिक करें

कब तक खराब रहेगा मौसम ?

पटना मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक अगले 4-5 दिनों के दौरान बिहार के अलग अलग जिलों में औसत से मध्यम दर्जे की बारिश होने की संभावना है. इसके अलावा कुछ जिलों में अत्यंत भारी बारिश और एक-दो जिलों में अति भारी वर्षा की आशंका है. मौसम विभाग ने बारिश के साथ-साथ बिजली गिरने की भी आशंका जताई है. बारिश की वजह से पूरे बिहार में तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है. आने वाले दिनों में भी बारिश की वजह से तापमान में कमी आएगी और सिहरन बढ़ेगी.

इसे भी पढ़ें: तेज प्रताप यादव ने अखिलेश यादव का फोन नंबर किया ब्लॉक! इस बात से हुए थे नाराज

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Paritosh Shahi

परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >