नवादा की चर्चित शोभिया प्रकरण में बड़ा कानूनी मोड़ सामने आया, चार यूट्यूबर समेत सात लोगों पर दर्ज हुई प्राथमिकी

Nawada News : नवादा नगर थाना क्षेत्र के चर्चित शोभिया प्रकरण में बड़ा कानूनी मोड़ सामने आया है. सोशल मीडिया पर वायरल हुए आरोपों की पुलिस जांच में पुष्टि नहीं होने के बाद अब चार यूट्यूब चैनल संचालकों समेत सात लोगों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की गई है। इस कार्रवाई के बाद मामला एक बार फिर चर्चा के केंद्र में आ गया है.

(नवादा से आशुतोष कुमार की रिपोर्ट)

Nawada News : नवादा नगर थाना क्षेत्र के चर्चित शोभिया प्रकरण में बड़ा कानूनी मोड़ सामने आया है. सोशल मीडिया पर वायरल हुए आरोपों की पुलिस जांच में पुष्टि नहीं होने के बाद अब चार यूट्यूब चैनल संचालकों समेत सात लोगों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की गई है। इस कार्रवाई के बाद मामला एक बार फिर चर्चा के केंद्र में आ गया है.

सोशल मीडिया पर झूठे आरोप फैलाने का आरोप

नगर थाना में दर्ज कांड संख्या 549/26 के अनुसार शिकायतकर्ता सोनू कुमार ने आरोप लगाया है कि पड़ोसी विवाद के कारण उनके खिलाफ झूठे और मनगढ़ंत आरोप लगाकर सोशल मीडिया पर प्रसारित किए गए। इससे उनकी सामाजिक प्रतिष्ठा को गंभीर क्षति पहुंची है.

चार यूट्यूबर भी बने नामजद आरोपी

प्राथमिकी में विनोद साव, पूनम कुमारी और आध्या कुमारी के अलावा चार सोशल मीडिया एवं यूट्यूब चैनल संचालकों को भी नामजद किया गया है. इनमें बदलो बिहार न्यूज (बीबीएन) के संचालक गुलशन कुमार, यूथ इंडिया के संचालक नीतीश कुमार, टाइम्स ऑफ नवादा के संचालक प्रिंस कुमार तथा मगध टाइम्स के संचालक गुलशन कुमार शामिल हैं.

पहले वायरल हुए थे गंभीर आरोप

गौरतलब है कि इसी प्रकरण से जुड़े छेड़छाड़, रंगदारी और भय का माहौल बनाने जैसे गंभीर आरोपों वाले वीडियो कुछ दिन पहले सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुए थे. मामला सुर्खियों में आने के बाद पुलिस अधीक्षक अभिनव धीमान के निर्देश पर इसकी विस्तृत जांच कराई गई थी.

जांच में नहीं मिली आरोपों की पुष्टि

पुलिस जांच के बाद जारी आधिकारिक रिपोर्ट में वायरल आरोपों की पुष्टि नहीं होने की बात कही गई थी. जांच में यह भी सामने आया था कि दोनों पक्षों के बीच पहले से पड़ोसी विवाद चला आ रहा है. इसी आधार पर पुलिस ने मामले को अलग दृष्टिकोण से जांचना शुरू किया.

सोशल मीडिया की जवाबदेही पर उठे सवाल

नई प्राथमिकी दर्ज होने के बाद अब यह मामला केवल पड़ोसी विवाद तक सीमित नहीं रह गया है. सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रसारित सामग्री की सत्यता, जिम्मेदारी और कानूनी जवाबदेही को लेकर भी बहस तेज हो गई है. विशेषज्ञों का मानना है कि बिना सत्यापन के किसी भी आरोप को सार्वजनिक करना गंभीर कानूनी परिणाम ला सकता है.

पुलिस कर रही है मामले की जांच

नगर थाना पुलिस ने बताया कि प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और मामले की जांच जारी है. पुलिस सभी पहलुओं की पड़ताल कर रही है. हालांकि, प्राथमिकी में लगाए गए आरोपों की अंतिम पुष्टि अनुसंधान और न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही हो सकेगी.

Also Read : नवादा में नाबालिग से दुष्कर्म का आरोप, पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Vivek Singh

विवेक सिंह माता सीता की धरती और मिथिला का द्वार कहे जाने वाले समस्तीपुर जिले से आते हैं. वर्तमान में प्रभात खबर में कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं. इससे पहले #The_Newsdharma के साथ डिजिटल मीडिया, ग्राउंड रिपोर्टिंग , और न्यूज़ लेखन के क्षेत्र में कार्य करने का अनुभव रहा है. सामाजिक, राजनीतिक, शिक्षा, युवा, महिला सुरक्षा और जनता से जुड़े मुद्दों पर विशेष रुचि रखते हैं. सरल, तथ्यात्मक और प्रभावी लेखन शैली के माध्यम से पाठकों तक महत्वपूर्ण खबरें और मुद्दे पहुंचाने का निरंतर प्रयास करते हैं. NGO अमर शहीद बिपिन सिंह फाउंडेशन के साथ जुड़कर सामाजिक, स्वास्थ्य, पर्यावरण ,रोजगार और महिला सशक्तिकरण जैसे मुद्दों पर भी कार्य करने का अनुभव हैं.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >