Nawada News : पकरीबरावां में समेकित बाल विकास परियोजना (आईसीडीएस) के तहत पकरीबरावां प्रखंड में 203 आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हैं, लेकिन बुनियादी सुविधाओं और मानव संसाधन की कमी अब भी बड़ी चुनौती बनी हुई है. प्रखंड में कुल 207 केंद्र स्वीकृत हैं, जिनमें से चार केंद्र विभिन्न कारणों से बंद हैं.
40 पद रिक्त, कार्यरत कर्मियों पर अतिरिक्त जिम्मेदारी
203 संचालित केंद्रों के लिए 203 सेविका और 203 सहायिका के पद स्वीकृत हैं. वर्तमान में 195 सेविकाएं और 171 सहायिकाएं कार्यरत हैं. इस तरह आठ सेविका और 32 सहायिका के पद रिक्त हैं. विभाग ने रिक्त पदों पर नियुक्ति के लिए उच्चाधिकारियों को प्रस्ताव भेजा है.
अधिकांश केंद्रों के पास अपना भवन नहीं
संचालित 203 केंद्रों में 100 अपने भवन में चल रहे हैं. 81 केंद्र किराये के भवनों, नौ सामुदायिक भवनों और एक पुस्तकालय भवन में संचालित हो रहा है. स्थायी भवन के अभाव में कई केंद्रों के संचालन में व्यावहारिक कठिनाइयां बनी हुई हैं.
72 केंद्रों में पेयजल की सुविधा नहीं
अपने भवन वाले 100 केंद्रों में केवल 28 में पेयजल की व्यवस्था है, जबकि 72 केंद्र पेयजल सुविधा से वंचित हैं. कई स्थानों पर चापाकल खराब हैं, जिनकी मरम्मत के लिए पीएचईडी को पत्र भेजा गया है. विभाग ने 203 केंद्रों में से 73 को सक्षम केंद्र के रूप में विकसित किया है. यहां बच्चों के लिए रंगीन पेंटिंग, खिलौने और नीति आयोग की पहल के तहत बेंच उपलब्ध कराए गए हैं, जिससे खेल-खेल में सीखने का वातावरण तैयार हो रहा है.
संसाधन बढ़ाने की दिशा में प्रयास जारी
सीडीपीओ नेहा कुमारी ने बताया कि सभी संचालित केंद्रों का नियमित संचालन कराया जा रहा है. रिक्त पदों को भरने, पेयजल व्यवस्था दुरुस्त कराने तथा अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए संबंधित विभागों को पत्र भेजा गया है. उन्होंने बताया कि बच्चों की ड्रेस जीविका दीदियों के माध्यम से उपलब्ध कराई जा रही है तथा सभी आठ महिला पर्यवेक्षकों के पदों पर कर्मी कार्यरत हैं.
