मांगों की पूर्ति होने तक अनशन जारी रखने की घोषणा
प्रवरण वेतनमान, प्रोन्नति के साथ-साथ वित्तीय उन्नयन की है मांग
बिहारशरीफ : जिला शिक्षा कार्यालय नालंदा के समक्ष मंगलवार से प्रारंभिक शिक्षकों द्वारा अपनी विभिन्न मांगों को लेकर अनिश्चति आमरण अनशन शुरू किया गया है. शिक्षक नेताओं ने स्पष्ट कर दिया है कि प्रवरण वेतनमान,24 वर्षीय वित्तीय उन्नयन, स्नातक व प्रधानाध्यापक पद पर प्रोन्नति का पत्र निर्गत होने तक उनका आमरण अनशन जारी रहेगा. अनशन को संबोधित करते हुए प्रदेश उपाध्यक्ष हरेंद्र चौधरी ने जिला शिक्षा कार्यालय के क्रियाकलापों पर जबरदस्त प्रहार किया. उन्होंने कहा कि शिक्षा कार्यालय दलालों व भ्रष्टाचारियों का अड्डा बन गया है.
भ्रष्टाचार के खिलाफ से शुरू लड़ाई लड़ने के कारण उन्हें विभाग द्वारा कोई लाभ नहीं दिया गया. वे मैट्रिक प्रशिक्षित वेतनमान पर ही सेवानिवृत्त हो गये. विभाग द्वारा जिले के सैकड़ों शिक्षकों के साथ यह अन्याय किया जा रहा है. इसके पूर्व आमरण अनशन का उद्घाटन करते हुए पेंशनर समाज के रामखेलावन प्रसाद ने कहा कि संघ द्वारा अपनी मांगों को लेकर दर्जनों बार आंदोलन किया गया. संघ तथा पदाधिकारियों के बीच कइ्र समझौते हुए लेकिन आज तक शिक्षकों की समस्याओं का कोई समाधान नहीं निकला. शिक्षक संघ के जिला अध्यक्ष संजय कुमार सिन्हा ने इस मौके पर कहा कि अधिकारियों के अड़ियल रवैये से शिक्षकों के प्रोन्नति समेत सभी मामले लंबित पड़े हैं. उन्होंने कहा कि मांगे पूरी होने तक शिक्षकों का आमरण अनशन जारी रहेगा.
आमरण अनशन पर संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष हरेंद्र चौधरी तथा अंचल उपाध्यक्ष महेंद्र प्रसाद बैठे हैं. इस मौके पर पेंशनर समाज के अध्यक्ष चंद्रसेन प्रसाद सिन्हा,शिवनंदन पटेल, सुरेश प्रसाद, संघ के राज्य परिषद् सदस्य राकेश बिहारी शर्मा, दिलीप कुमार, नीरा कुमारी सिंह,शंकर प्रसाद,घनश्याम प्रसाद सिंह, इंद्रदेव सिंह, विनय कुमार आलोक, मनोज कुमार, नवीन कुमार, नागेश्वर रजक,संघ के राज्य सचिव सुजीत कुमार, उपाध्यक्ष सुधीर प्रसाद, रामाधीन प्रसाद आदि ने अनशन को संबोधित किया.
