मुजफ्फरपुर से देवेश कुमार की रिपार्ट
Muzaffarpur News: प्रसाद अस्पताल के आईसीयू में आग लगने से सात मरीजों की हुई मौत के मामले में जांच कमेटी ने जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन को अपनी रिपोर्ट सौंप दी है. अपर समाहर्ता के नेतृत्व में गठित पांच सदस्यीय टीम की इस रिपोर्ट में अस्पताल भवन के निर्माण में बिल्डिंग बायलॉज (भवन उपनियमों) के उल्लंघन का खुलासा हुआ है. रिपोर्ट के अनुसार, अस्पताल का निर्माण नगर निगम से पास नक्शे के मुताबिक नहीं किया गया है.
स्वीकृत नक्शा 4 मंजिल का, बना दी 5वीं मंजिल
जांच रिपोर्ट सामने आने के बाद जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन ने नगर आयुक्त को कार्रवाई करने का निर्देश दिया है. इसके तहत नगर निगम जल्द ही अस्पताल प्रबंधन को नोटिस जारी कर स्वीकृत नक्शे से अलग किए गए अवैध निर्माण के संबंध में जवाब मांगेगा.जानकारी के अनुसार, वर्ष 2011 में अस्पताल भवन निर्माण के लिए आर्किटेक्ट द्वारा तैयार नक्शा नगर निगम में जमा किया गया था. स्वीकृत नक्शे में ग्राउंड फ्लोर सहित केवल चार मंजिल (B G 4) भवन निर्माण का ही प्रावधान था. हालांकि, जांच टीम को मौके पर भवन पांचवीं मंजिल तक बना मिला.नक्शे के अनुसार चौथी मंजिल को आवासीय फ्लैट के रूप में विकसित किया जाना था, लेकिन वहां भी नियमों को ताक पर रखकर अस्पताल संबंधी व्यावसायिक गतिविधियां संचालित की जा रही थीं.अधिकारियों का कहना है कि अस्पताल प्रबंधन से जवाब प्राप्त होने और सभी दस्तावेजों की गहन जांच के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी.
आवासीय फ्लैट की जगह चल रहा अस्पताल
जांच में यह भी सामने आया है कि चौथी मंजिल को आवासीय फ्लैट के रूप में विकसित करने के लिए नक्शा पास कराया गया था, लेकिन वहां भी अस्पताल संबंधी गतिविधियां संचालित की जा रही हैं. इसके अलावा, भवन निर्माण में निर्धारित ‘सेटबैक'(छोड़ी जाने वाली खुली जगह) संबंधी नियमों का भी पूर्ण पालन नहीं किए जाने की बात सामने आई है.
दस्तावेजों की होगी गहन जांच
नगर निगम अब अस्पताल प्रबंधन से मुख्य भवन के अलावा परिसर में मौजूद अन्य भवनों के स्वीकृत नक्शे और निर्माण संबंधी सभी दस्तावेज प्रस्तुत करने को कहेगा. अधिकारियों के अनुसार, प्रबंधन का जवाब प्राप्त होने और दस्तावेजों की गहन जांच के बाद नियमानुसार आगे की सख्त कार्रवाई की जाएगी. अस्पताल की सुरक्षा और बिल्डिंग कोड से समझौता करने वाले इस मामले को लेकर प्रशासन पूरी तरह गंभीर नजर आ रहा है.
