Motihari: विद्यालय में फेंकी मिलीं वीवीपैट की पर्चियां, हंगामा

निमुई राजकीय मध्य विद्यालय के दक्षिणी भाग में स्थित मतदान केंद्र संख्या 219 से सुगौली विधानसभा क्षेत्र से चुनावी प्रक्रिया में गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया है.

Motihari: सुगौली (पूचं). नगर पंचायत के निमुई राजकीय मध्य विद्यालय के दक्षिणी भाग में स्थित मतदान केंद्र संख्या 219 से सुगौली विधानसभा क्षेत्र से चुनावी प्रक्रिया में गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया है. विद्यालय परिसर में सैकड़ों वीवीपैट पर्चियां खुले में पड़ी मिलीं. उन पर अलग-अलग राजनीतिक दलों के चुनाव चिन्ह साफ नज़र आ रहे हैं. जानकारी के अनुसार नगर के अमीर खां टोला वार्ड संख्या 12 स्थित राजकीय उत्क्रमित मध्य विद्यालय निमुई में बुधवार को जब स्कूल खुला, तो स्कूल के रसोइये को जमीन पर सैकड़ों वीवीपैट की पर्चियां बिखरी हुई मिलीं. पर्चियां बूथ संख्या 218 और 219 पर वीवीपैट से निकली थीं. यहां दूसरे चरण में मंगलवार को मतदान हुआ था. जैसे ही खबर फैली, स्थानीय लोग और प्रत्याशी मौके पर पहुंच गए. वहां अफरातफरी मच गई. लोग हंगामा करते हुए लापरवाही का आरोप लगाने लगे. इसके बाद पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर मामले को शांत कराया. इधर, जानकारी मिलते ही मौके पर जनशक्ति जनता दल के उम्मीदवार श्याम किशोर चौधरी और बसपा प्रत्याशी जुल्फेकार आफताब व जन सुराज प्रत्याशी अजय झा मौके पर पहुंच गए. उन्होंने चुनावी प्रक्रिया में गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए मांग की कि संबंधित बूथ का मतदान रद्द किया जाए. प्रत्याशियों ने प्रशासन से निष्पक्ष जांच की मांग की. विवाद बढ़ता देख जिला प्रशासन ने सफाई दी कि मिली हुई पर्चियां मतदान के पहले किए गए मॉक पोल की हैं. प्रशासन की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया कि मतदान कर्मियों के बैग से ये पर्चियां गलती से गिर गई थीं. बाद में उन्हें सुरक्षित रूप से एकत्र कर लिया गया है. सूचना मिलते ही सदर एसडीओ श्वेता भारती पहुंचीं. उन्होंने 172 पर्चियों को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी. स्कूल परिसर में इस दौरान ग्रामीणों के साथ अर्धसैनिक बल, सुगौली व बंजरिया थाना प्रभारी और कई प्रत्याशी मौजूद रहे. बता दें कि वीवीपैट चुनाव की अहम पर्ची होती है. उसे वेरिफाइएबल पेपर ऑडिट ट्रायल भी कहा जाता है. यह एक ऐसी प्रणाली है, जो इवीएम से जुड़ी होती है. जब कोई मतदाता वोट डालता है, तो वीवीपैट मशीन एक छोटी पर्ची छापती है. उसमें उस प्रत्याशी का नाम और चुनाव चिन्ह होता है. यह पर्ची कुछ सेकेंड के लिए स्क्रीन पर दिखती है ताकि मतदाता सुनिश्चित कर सके कि उसका वोट सही उम्मीदवार को गया है. इसके बाद यह पर्ची एक सीलबंद बॉक्स में गिर जाती है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By AJIT KUMAR SINGH

AJIT KUMAR SINGH is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >