Motihari: रक्सौल. वंदे मातरम् गीत की 150वीं वर्षगांठ के अवसर पर शुक्रवार को प्रखंड के सभी विद्यालयों में राष्ट्रगीत वंदे मातरम् का सामूहिक गायन किया गया. इसी क्रम में शहर के राजकीय प्राथमिक विद्यालय, राष्ट्रीय गांधी में भी बच्चों और शिक्षकों ने चेतना सत्र के दौरान सुबह 10 बजे राष्ट्रगीत का सामूहिक गायन किया. सामूहिक गायन का नेतृत्व शिक्षिका निशा रानी ने किया. इससे पूर्व विद्यालय परिसर में साउंड बॉक्स के माध्यम से भी बच्चों ने राष्ट्रगीत का भावपूर्ण गायन किया. इस दौरान प्रधान शिक्षक मुनेश राम ने कहा कि वंदे मातरम् केवल एक गीत नहीं, बल्कि यह हमारी मातृभूमि के प्रति समर्पण, एकता और अखंडता का प्रतीक है. यह हर भारतीय के हृदय में राष्ट्रप्रेम की चेतना जगाता है. कार्यक्रम में शिक्षिका कुमारी पूनम गुप्ता, निशा रानी सहित सभी छात्र-छात्राओं ने सक्रिय भूमिका निभाई. विद्यालय परिसर देशभक्ति के गीतों से गूंज उठा और बच्चों में अदम्य उत्साह देखने को मिला. वहीं प्रधान शिक्षक ने बताया कि वंदे मातरम्’ की रचना बंकिमचंद्र चटर्जी ने अपने प्रसिद्ध उपन्यास आनंद मठ में की थी. स्वाधीनता संग्राम के दौरान यह गीत देशवासियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बना और बाद में हमारे संविधान निर्माताओं ने इसे राष्ट्रगीत का दर्जा दिया.
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