Madhepura News: लगातार हो रही बारिश ने शहर के वार्ड संख्या 4 और 5 के लोगों की मुश्किलें कई गुना बढ़ा दी हैं. यहां सड़कें कीचड़ और जलजमाव से भर गई हैं, जिससे पैदल चलना तक मुश्किल हो गया है. स्थानीय लोगों का आरोप है कि सड़क को कई महीने पहले निर्माण के नाम पर तोड़ दिया गया था, लेकिन अब तक दोबारा निर्माण शुरू नहीं हुआ. नतीजा यह है कि हर बारिश के बाद पूरा इलाका दलदल में तब्दील हो जाता है और हजारों लोगों का रोजमर्रा का जीवन प्रभावित हो रहा है.
स्थानीय लोगों का कहना है कि समस्या नई नहीं है. हर साल मानसून आते ही यही हाल हो जाता है, लेकिन नगर प्रशासन स्थायी समाधान निकालने के बजाय केवल आश्वासन देता है.
बच्चों से लेकर बुजुर्ग तक हर कोई परेशान
कीचड़ भरे रास्ते का सबसे ज्यादा असर स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं पर पड़ रहा है. अभिभावकों का कहना है कि फिसलन के कारण बच्चों के गिरने का खतरा बना रहता है, इसलिए कई परिवार उन्हें स्कूल भेजने से भी डर रहे हैं.
बुजुर्गों के लिए घर से बाहर निकलना किसी चुनौती से कम नहीं रह गया है. मामूली दूरी तय करने में भी फिसलकर चोट लगने का डर बना रहता है.
"सड़क तोड़ दी, लेकिन बनाई नहीं"
स्थानीय निवासी राम कुमार ने बताया कि कई महीने पहले सड़क को तोड़कर जल्द निर्माण का भरोसा दिया गया था, लेकिन आज तक काम शुरू नहीं हुआ.
उनका कहना है कि अब हर कदम पर फिसलने का खतरा बना रहता है और कई लोग गिरकर घायल भी हो चुके हैं. इसके बावजूद संबंधित एजेंसियों की ओर से कोई ठोस पहल नहीं की गई है.
व्यापार पर भी पड़ रहा असर
खराब सड़क का असर स्थानीय कारोबार पर भी साफ दिखाई दे रहा है. बाजार जाने वाले लोग इस रास्ते से बचने लगे हैं, जिससे छोटे दुकानदारों की आय प्रभावित हो रही है.
स्थानीय नाई कौशल ठाकुर का कहना है कि बारिश के बाद ग्राहक लगभग आना बंद कर देते हैं. सड़क की खराब स्थिति के कारण लोग इस इलाके में आने से बचते हैं, जिससे रोजी-रोटी पर सीधा असर पड़ रहा है.
जलनिकासी व्यवस्था फेल, बढ़ा बीमारी का खतरा
स्थानीय लोगों के अनुसार समस्या की सबसे बड़ी वजह जलनिकासी व्यवस्था का ठीक नहीं होना है. नालियों की नियमित सफाई नहीं होने से बारिश का पानी सड़कों पर जमा हो जाता है. कई जगह नालियां जाम हैं, जिससे गंदा पानी लगातार सड़क पर बहता रहता है.
गंदगी और जलजमाव के कारण मच्छरों का प्रकोप भी बढ़ गया है. लोगों को डेंगू, मलेरिया और अन्य संक्रामक बीमारियों का डर सता रहा है. बच्चों में त्वचा संबंधी संक्रमण की आशंका भी बढ़ गई है.
कई शिकायतों के बाद भी समाधान नहीं
स्थानीय निवासियों का कहना है कि नगर परिषद को कई बार लिखित और मौखिक शिकायत की गई, लेकिन अब तक कोई स्थायी समाधान नहीं निकला. हर बार जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया जाता है, लेकिन जमीनी स्तर पर स्थिति जस की तस बनी हुई है.
लोगों का कहना है कि अगर जल्द सड़क निर्माण और जलनिकासी की व्यवस्था दुरुस्त नहीं की गई, तो उन्हें आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ेगा.
Madhepura News: प्रशासन से लोगों की मांग
स्थानीय नागरिकों ने नगर प्रशासन से मांग की है कि वार्ड 4 और 5 में सड़क निर्माण कार्य जल्द शुरू कराया जाए. साथ ही नालियों की सफाई कर जलनिकासी की स्थायी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि हर मानसून में लोगों को ऐसी परेशानी का सामना न करना पड़े.
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