Khagaria News: बिहार में आंगनबाड़ी सेविकाओं और सहायिकाओं की लंबे समय से चली आ रही मांग एक बार फिर जोर-शोर से उठी है. खगड़िया जिले के बेलदौर में आयोजित बिहार राज्य आंगनबाड़ी कर्मचारी यूनियन के प्रखंड सम्मेलन में सेविकाओं ने राज्यकर्मी का दर्जा, सम्मानजनक मानदेय और कार्यस्थल से जुड़ी समस्याओं के समाधान की मांग की. सम्मेलन में नई प्रखंड कमेटी का गठन भी किया गया. यूनियन नेताओं ने आरोप लगाया कि सरकार महत्वपूर्ण योजनाओं का जिम्मा आंगनबाड़ी कर्मियों को देती है, लेकिन उनके अधिकार और सुविधाओं की लगातार अनदेखी की जा रही है.
बेलदौर में हुआ आंगनबाड़ी कर्मचारी यूनियन का प्रखंड सम्मेलन
बेलदौर प्रखंड कार्यालय के समीप स्थित विवाह भवन में बिहार राज्य आंगनबाड़ी कर्मचारी यूनियन के बैनर तले प्रखंड स्तरीय सम्मेलन आयोजित किया गया.
सम्मेलन की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष उर्मिला कुमारी ने की. इस दौरान पुरानी प्रखंड कमेटी को भंग कर सर्वसम्मति से नई कार्यकारिणी का गठन किया गया.
नई कमेटी में बिंदु देवी को प्रखंड अध्यक्ष, आशा कुमारी को महासचिव और वंदना भारती को कोषाध्यक्ष चुना गया. चुनाव की प्रक्रिया जिलाध्यक्ष प्रेमलता मिश्रा की देखरेख में शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुई.
नई कमेटी के गठन के साथ संगठन को मजबूत करने पर जोर
सम्मेलन में यूनियन पदाधिकारियों ने कहा कि नई कार्यकारिणी संगठन को और अधिक मजबूत बनाने के साथ आंगनबाड़ी सेविकाओं और सहायिकाओं की समस्याओं को प्रभावी ढंग से सरकार तक पहुंचाने का प्रयास करेगी.
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे राज्य महासचिव कुमार बिन्देशर और राष्ट्रीय महासचिव सह पूर्व एमएलसी उषा सहनी का अंगवस्त्र और माला पहनाकर स्वागत किया गया.
'महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां, लेकिन सम्मानजनक मानदेय नहीं'
सम्मेलन को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय महासचिव उषा सहनी ने कहा कि आंगनबाड़ी सेविकाएं और सहायिकाएं कुपोषण मुक्ति, टीकाकरण, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य और कई अन्य सरकारी योजनाओं के सफल क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं.
इसके बावजूद उन्हें मात्र ₹4,500 मानदेय मिलना उनके योगदान के अनुरूप नहीं है. उन्होंने सरकार से आंगनबाड़ी सेविका और सहायिकाओं को राज्यकर्मी का दर्जा देने तथा सम्मानजनक मानदेय सुनिश्चित करने की मांग की.
यूनियन नेताओं का कहना था कि यदि सरकार उनसे नियमित सरकारी दायित्वों का निर्वहन कराती है, तो उनके अधिकार और सेवा शर्तों पर भी गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए.
पोषाहार राशि में अवैध वसूली का लगाया आरोप
राज्य महासचिव कुमार बिन्देशर ने सम्मेलन में आरोप लगाया कि कई प्रखंडों में पोषाहार राशि के नाम पर दलालों के माध्यम से प्रति केंद्र ₹4,000 की अवैध वसूली की जा रही है.
उन्होंने सरकार से इस मामले की निष्पक्ष जांच कराने, कथित अवैध वसूली पर तत्काल रोक लगाने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की.
हालांकि इस संबंध में संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों की ओर से कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है.
लंबे समय से उठती रही हैं ये मांगें
आंगनबाड़ी सेविकाओं और सहायिकाओं की राज्यकर्मी का दर्जा देने तथा मानदेय बढ़ाने की मांग नई नहीं है. राज्यभर में विभिन्न कर्मचारी संगठन समय-समय पर इन मुद्दों को उठाते रहे हैं.
यूनियन का कहना है कि जब तक इन मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक संगठन लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज उठाता रहेगा.
Khagaria News: बड़ी संख्या में सेविकाएं और यूनियन कार्यकर्ता रहे मौजूद
सम्मेलन में जिला महासचिव निर्मला देवी, जिला कोषाध्यक्ष गीता कुमारी, अंगीरा देवी, प्रेमशीला देवी, सोनी देवी सहित बड़ी संख्या में आंगनबाड़ी सेविकाएं, सहायिकाएं और यूनियन कार्यकर्ता मौजूद रहे.
बैठक के दौरान संगठन को मजबूत बनाने और भविष्य की रणनीति पर भी चर्चा की गई.
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