Martyr Shubham kumar Case : (अशोक कुमार की रिपोर्ट) देश की सेवा करते हुए शहीद हुए वायुसेना अधिकारी शुभम कुमार की शहादत के बाद उनके परिवार और कथित पत्नी श्रेया राय को लेकर चल रहा विवाद अब समाप्त होता दिख रहा है. शहीद शुभम के पिता ने सार्वजनिक रूप से श्रेया राय को अपनी बहू के रूप में स्वीकार कर लिया है. उनके इस बयान के बाद पिछले कुछ दिनों से चल रही अटकलों और विवादों पर विराम लगने की उम्मीद जताई जा रही है.
शुभम की आखिरी पसंद थी श्रेया
मीडिया से बातचीत के दौरान भावुक दिखे शुभम के पिता ने कहा कि श्रेया मेरे बेटे की आखिरी पसंद थी. यदि मेरे बेटे ने उसे अपने जीवनसाथी के रूप में चुना था तो मुझे उसे स्वीकार करने में कोई आपत्ति नहीं है. उन्होंने कहा कि श्रेया मेरी बहू है और वह मेरे घर आकर हमारे साथ रहे, जिससे शुभम की कमी कुछ हद तक महसूस न हो.
कोर्ट मैरिज की पहले नहीं थी जानकारी
शुभम के पिता ने कहा कि उन्हें शुभम और श्रेया की कोर्ट मैरिज की जानकारी पहले नहीं थी. इसी कारण शुरुआत में कई तरह की शंकाएं और सवाल सामने आए थे. उन्होंने कहा कि अब जब पूरे मामले की जानकारी सामने आ चुकी है, तो वह श्रेया को अपनी बहू मानते हैं और परिवार का हिस्सा स्वीकार करते हैं.
21 लाख के चेक को लेकर भी दी सफाई
शहीद के पिता ने श्रेया राय को 21 लाख रुपये का चेक दिए जाने के मामले पर भी अपनी प्रतिक्रिया दी. उन्होंने कहा कि उन्हें इस बात से कोई परेशानी नहीं है कि चेक श्रेया को मिला है. उनकी केवल यह इच्छा थी कि यह प्रक्रिया परिवार की मौजूदगी में होती, ताकि उन्हें भी आधिकारिक रूप से इस रिश्ते की जानकारी मिल जाती.
विवाद पर विराम की उम्मीद
शुभम के पिता के इस बयान के बाद परिवार और श्रेया राय के बीच चल रहे विवाद के शांत होने की उम्मीद जताई जा रही है. स्थानीय लोगों का भी मानना है कि शहीद के परिवार द्वारा श्रेया को बहू के रूप में स्वीकार किए जाने से मामले को नया मोड़ मिला है और अब आपसी सहमति से आगे का रास्ता निकल सकता है.
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