Contractor Ramnaresh murder case : हाजीपुर सदर थाना क्षेत्र के दिग्घी में ठेकेदार रामनरेश राय हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा करते हुए दो आरोपितों को गिरफ्तार किया है. पुलिस के अनुसार हत्या की साजिश मुजफ्फरपुर में रची गई थी और वारदात को अंजाम देने के लिए पांच लाख रुपये में सौदा तय हुआ था. शूटरों को एक लाख रुपये एडवांस दिए गए थे.
दानापुर में हथियार के साथ हुआ था गिरफ्तार, फिरी खुली राज
गिरफ्तार आरोपितों की पहचान बिदुपुर थाना क्षेत्र के भैरोपुर निवासी रमेश कुमार और सदर थाना क्षेत्र के बलवा कुआरी निवासी आदित्य प्रकाश के रूप में हुई है. दोनों को 19 अगस्त को पटना के दानापुर थाना क्षेत्र से अवैध हथियार के साथ गिरफ्तार किया गया था.
छोटू राणा से पांच लाख में तय हुई थी हत्या की डील,
एसपी शुभांक मिश्रा ने गुरुवार देर शाम प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि गिरफ्तार रमेश कुमार ने पूछताछ में पुलिस को बताया कि मुजफ्फरपुर जिले के कुख्यात अपराधी छोटू राणा ने रामनरेश राय की हत्या के लिए पांच लाख रुपये में सौदा तय किया था. इसमें एक लाख रुपये एडवांस दिए गए थे. छोटू राणा के आदमी ने हथियार और मोटरसाइकिल उपलब्ध करायी थी.
रमेश व आदित्य ने बाइक पर बैठाकर शुटरों को पहुंचाया
रमेश और आदित्य को दो शूटरों को मोटरसाइकिल से घटनास्थल तक पहुंचाने की जिम्मेदारी दी गई थी. घटना के दौरान आदित्य अपाचे और रमेश स्प्लेंडर बाइक चला रहा था. पुलिस को मुकेश कुमार और छोटू राणा के बीच बातचीत के साक्ष्य भी मिले हैं. पूछताछ में आरोपितों द्वारा बार-बार मुकेश भैया का नाम लिए जाने की बात भी सामने आई है.
मॉर्निंग वॉक के दौरान चार बदमाशों ने मारी थी गोली
रामनरेश राय की 13 अगस्त की सुबह कुमाही पोखर के पास जाने वाले रास्ते में मॉर्निंग वॉक के दौरान गोली मारकर हत्या कर दी गई थी. दो मोटरसाइकिलों पर सवार चार बदमाशों ने वारदात को अंजाम दिया था. मृतक की पत्नी रेखा कुमारी के बयान पर सहदेव राय, मुकेश राय और परमजीत राय उर्फ परम राय समेत चार अज्ञात के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी. पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए नामजद आरोपित सहदेव राय को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया था. इसके बाद एसडीपीओ सदर हाजीपुर के नेतृत्व में गठित एसआईटी लगातार हत्याकांड के उद्भेदन में जुटी थी. तकनीकी और मानवीय सूचना के आधार पर 19 अगस्त को दानापुर थाना क्षेत्र से रमेश और आदित्य को अवैध आग्नेयास्त्र के साथ गिरफ्तार किया गया. पूछताछ में दोनों ने हत्याकांड में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है.
नदी के पानी में डुबोकर छिपाई थी स्प्लेंडर बाइक
पुलिस के अनुसार वारदात में इस्तेमाल स्प्लेंडर मोटरसाइकिल को घटना के दो दिन बाद ही सदर थाना क्षेत्र के चंद्रालय मठ के समीप नदी के पानी में डुबा हुआ बरामद कर लिया गया था. गिरफ्तार रमेश कुमार का आपराधिक इतिहास भी रहा है. उसके खिलाफ बिदुपुर थाने में एनडीपीएस एक्ट समेत कई मामले दर्ज हैं. झारखंड के देवघर जिले के मधुपुर थाना क्षेत्र में दर्ज लूट के मामले में भी वह फरार चल रहा था. पुलिस आदित्य प्रकाश के आपराधिक इतिहास का पता लगा रही है. एसपी ने बताया कि हत्याकांड में शामिल अन्य अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए एसआईटी लगातार छापेमारी कर रही है.
