श्रम संसाधन में फाइलों का दबाना पड़ेगा महंगासचिव ने तय की फाइल निबटारे की समय सीमा, देरी पर जारी होगा पीत पत्र संवाददाता पटना. श्रम संसाघन विभाग में फाइलों पर कुंडली मारना बाबुओं और अधिकारियों दोनों को भारी पड़ेगा. नयी व्यवस्था के तहत फाइल के निबटारे की समय सीमा तय कर दी है. अगर तय समय सीमा के अंदर काम नहीं हुआ, तो जिम्मेवार व्यक्ति के खिलाफ पीत पत्र जारी होगा. सचिवालय का बाबुओं का फाइल को दबाना या उसपर कुंडली मारकर बैठ जाने की पुरानी आदत है, लेकिन श्रम संसाधन विभाग में अब ऐसा नहीं चलेगा. अपनी अलग तरह की कार्यशैली के लिए जाने, जानेवाले श्रम संसाधन विभाग के सचिव डाॅ एस सिद्धार्थ ने फाइलों के प्रकार और उसके निबटारे की समय सीमा तय कर दी है. इसमें लापरवाही करनेवालों के खिलाफ पीत पत्र जारी होगा. अब विभाग की पह फाइल पर यह दर्शाया रहेगा कि यह किस तरह की फाइल है. उस फाइल को तय समय में विभाग के सचिव से सामने लाना होगा. डाक को देखने का बाद सचिव उसमें यह दर्शा देंगे कि यह किस प्रकार की फाइल है. उसके बाद तय समय सीमा के भीतर उस फाइल को सचिव के पास पहुंच जाना है. फाइलों का प्रकार व उनकी समय सीमाइमेडियट- 24 घंटा ( कोर्ट, जनहित से जुड़े मामले , मुख्यमंत्री सचिवालय , अन्य महत्वपूर्ण मामले) अरजेंट- सप्ताह भर के भीतर: ( पेंशन, सेवा लाभ व अन्य ) टॉप प्रायरिटी- 3 दिन ( भारत सरकार से मांगी गयी जानकारी व अन्य)
श्रम संसाधन में फाइलों का दबाना पड़ेगा महंगा
श्रम संसाधन में फाइलों का दबाना पड़ेगा महंगासचिव ने तय की फाइल निबटारे की समय सीमा, देरी पर जारी होगा पीत पत्र संवाददाता पटना. श्रम संसाघन विभाग में फाइलों पर कुंडली मारना बाबुओं और अधिकारियों दोनों को भारी पड़ेगा. नयी व्यवस्था के तहत फाइल के निबटारे की समय सीमा तय कर दी है. अगर तय […]
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