Gaya Ji Crime News: (इमामगंज से निर्भय पांडेय की रिपोर्ट ) :
एसएसपी सुशील कुमार के निर्देश पर गया पुलिस सोशल मीडिया पर हथियार के साथ फोटो-वीडियो वायरल करने और हर्ष फायरिंग करने वालों के खिलाफ लगातार कड़ी कार्रवाई कर रही है. इसी कार्रवाई के तहत 4 जून को इमामगंज थाना पुलिस को इंस्टाग्राम पर एक वीडियो मिला, जिसमें एक युवक अपने सहयोगियों के साथ अवैध हथियार लहरा रहा था. एसएसपी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए सिटी एसपी के मार्गदर्शन और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) धीरज कुमार के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया, जिसमें इमामगंज एसएचओ अमित कुमार सहित अन्य पुलिसकर्मियों को शामिल किया गया.
बारा कोसमा रोड पर घेराबंदी कर दबोचे गए बाइक सवार तीन आरोपी
डीएसपी धीरज कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि तकनीकी अनुसंधान के जरिए वायरल वीडियो में दिख रहे युवक की पहचान पैनी गांव निवासी मुकेश सिंह के रूप में की गई. इसी बीच पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि वीडियो में दिख रहा मुख्य आरोपी अपने दो अन्य सहयोगियों के साथ अवैध हथियार लेकर बारा कोसमा रोड से गुजरने वाला है. सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने कोसमा रोड पर सघन वाहन चेकिंग अभियान शुरू किया. इसी दौरान एक मोटरसाइकिल पर सवार तीन युवक पुलिस को देखकर गाड़ी रोककर भागने लगे, जिन्हें सशस्त्र बल के सहयोग से दौड़ाकर पकड़ लिया गया.
गिरफ्तार आरोपियों ने कबूला जुर्म, पास से मिले अवैध हथियार
पकड़े गए युवकों की पहचान पैनी गांव के मुकेश सिंह, कोसमा गांव के मिथलेश यादव और प्रमोद यादव के रूप में हुई है. पूछताछ में मुकेश सिंह ने स्वीकार किया कि वीडियो में देसी कट्टा लहराने वाला वही है. उसने बताया कि वीडियो में जो दूसरा व्यक्ति अधूरा दिख रहा है, जिसे वह कट्टा दे रहा है, वह प्रमोद यादव है और वीडियो रिकॉर्ड करने वाला तीसरा व्यक्ति मिथलेश कुमार यादव है. जामा तलाशी लेने पर मिथलेश यादव के पास से एक देसी कट्टा, एक मिसफायर कारतूस व एक मोबाइल और मुकेश सिंह के पास से भी एक लोहे का देसी कट्टा, एक मिसफायर कारतूस व एक मोबाइल बरामद हुआ.
वर्चस्व कायम करने के लिए बनाया था वीडियो, भेजे गए जेल
पुलिस की पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे इलाके में अपना वर्चस्व स्थापित करने और लोगों के बीच भय का माहौल पैदा करने के लिए सोशल मीडिया पर इस तरह के वीडियो अपलोड करते थे. इस मामले में इमामगंज थाने में कांड संख्या-176/26 दर्ज कर पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है. पुलिस द्वारा इन सभी आरोपियों का पुराना आपराधिक इतिहास भी खंगाला जा रहा है. गिरफ्तारी और आवश्यक पूछताछ के बाद तीनों आरोपियों को स्थानीय न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है.
