बेगूसराय जिले में रबी फसल की तैयारी के बीच किसानों को निर्धारित कीमत पर उर्वरक उपलब्ध कराने के लिए कृषि विभाग ने कार्रवाई तेज कर दी है. इसी अभियान के तहत बखरी अनुमंडल कृषि पदाधिकारी प्रशांत कुमार ने गुप्त सूचना के आधार पर गढ़पुरा प्रखंड की सोनमा पंचायत स्थित मैसर्स किसान केंद्र खाद दुकान पर औचक निरीक्षण किया. जांच के दौरान कई गंभीर अनियमितताएं सामने आने के बाद दुकान का लाइसेंस रद्द करने की अनुशंसा जिला कृषि पदाधिकारी को भेजी गई है.
निरीक्षण के दौरान स्टॉक रजिस्टर और गोदाम के भौतिक सत्यापन में बड़ा अंतर पाया गया. रिकॉर्ड के अनुसार उपलब्ध स्टॉक की तुलना में 10 बोरी यूरिया कम मिली. इसके अलावा मौके पर मौजूद किसानों से पूछताछ में पता चला कि दुकानदार सरकारी निर्धारित मूल्य 267 रुपये प्रति बोरी के बजाय 380 रुपये प्रति बोरी में यूरिया बेच रहा था. यानी प्रत्येक बोरी पर किसानों से 113 रुपये अधिक वसूले जा रहे थे.
बिक्री पर तत्काल रोक, दुकानदारों को कड़ी चेतावनी
अनियमितता की पुष्टि होते ही एसडीएओ ने तत्काल दुकान से खाद की बिक्री पर रोक लगा दी. साथ ही संबंधित दुकानदार को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि किसानों के अधिकारों से खिलवाड़ और उर्वरकों की कालाबाजारी किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
सघन निरीक्षण अभियान चलाने का निर्देश
एसडीएओ प्रशांत कुमार ने प्रखंड कृषि पदाधिकारी ओमप्रकाश यादव समेत सभी कृषि समन्वयकों को निर्देश दिया है कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में निजी एवं सहकारी खाद दुकानों का सघन निरीक्षण अभियान चलाएं. उन्होंने स्पष्ट कहा कि जांच के दौरान यदि कोई दुकानदार ओवररेटिंग, स्टॉक में गड़बड़ी या कालाबाजारी करते पाया गया तो उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के साथ-साथ लाइसेंस रद्द करने की कार्रवाई भी की जाएगी.
कृषि विभाग की इस कार्रवाई से खाद की कालाबाजारी करने वाले दुकानदारों में हड़कंप मच गया है, वहीं किसानों को उम्मीद है कि अब उन्हें सरकारी निर्धारित दर पर आसानी से उर्वरक उपलब्ध हो सकेगा.
