बेलहर (बांका). प्रखंड क्षेत्र की झिकुलिया पंचायत के झिकुलिया गांव निवासी साधारण किसान परिवार के पुत्र आशुतोष कुमार ने यूजीसी नेट परीक्षा के हिंदी विषय में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर क्षेत्र का नाम रोशन किया है. आशुतोष ने 99.58 पर्सेंटाइल अंक प्राप्त करते हुए पूरे देश में 42वीं रैंक हासिल की है. इस सफलता के साथ उन्होंने जूनियर रिसर्च फेलोशिप यानी जेआरएफ और सहायक प्राध्यापक यानी असिस्टेंट प्रोफेसर की पात्रता भी हासिल कर ली है.
गांव से शुरू हुई पढ़ाई, टीएमबीयू से पूरी की स्नातकोत्तर शिक्षा
आशुतोष कुमार ने प्रारंभिक शिक्षा गांव में ही पूरी की. इसके बाद उन्होंने तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय से हिंदी विषय में स्नातकोत्तर की पढ़ाई की. पीजी की पढ़ाई के दौरान ही उन्होंने यूजीसी नेट परीक्षा की तैयारी की और राष्ट्रीय स्तर पर उल्लेखनीय सफलता हासिल की. हिंदी विषय में उनके शानदार प्रदर्शन पर विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग के प्राध्यापकों, सहपाठियों और परिजनों ने खुशी जताते हुए उन्हें बधाई दी है.
माता-पिता, भाई-बहनों और शिक्षकों को दिया सफलता का श्रेय
अपनी सफलता पर आशुतोष ने कहा कि इस उपलब्धि का श्रेय उनके माता-पिता, पिता तुल्य बड़े भाई, बहन, छोटे भाई नीरज, शिक्षकों और मित्रों को जाता है. उन्होंने कहा कि मित्र अभय, सोनू, श्रीकांत, आशीष, सुजीत और अभिषेक ने हर परिस्थिति में उनका मनोबल बढ़ाया. उन्होंने बताया कि परिवार का आशीर्वाद, गुरुजनों का मार्गदर्शन और मित्रों का निरंतर सहयोग उनकी सफलता की सबसे बड़ी ताकत रही.
खेती-किसानी करने वाले परिवार से निकलकर हासिल की राष्ट्रीय सफलता
आशुतोष के पिता ओम प्रकाश सिंह गांव में रहकर खेती-किसानी करते हैं और ग्रामीण चिकित्सक के रूप में भी लोगों की सेवा करते हैं. उनकी माता मीना देवी गृहिणी हैं. सीमित संसाधनों के बावजूद किसान परिवार के बेटे द्वारा यूजीसी नेट में राष्ट्रीय स्तर पर 42वीं रैंक हासिल करने से झिकुलिया गांव सहित बेलहर और आसपास के क्षेत्रों में खुशी का माहौल है. ग्रामीणों और शुभचिंतकों ने आशुतोष को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है.
