कटोरिया में धूप से नहीं डिगी आस्था, शाम होते ही बोल-बम के जयकारों से गूंज उठा कांवरिया पथ

तेज धूप और उमस के बावजूद, कटोरिया क्षेत्र से बाबाधाम जाने वाले शिवभक्तों का उत्साह कम नहीं हुआ. 'बोल-बम' और 'हर-हर महादेव' के जयघोषों के साथ कांवरियों का सैलाब आस्था की शक्ति का प्रमाण बना. सेवा शिविरों ने राहगीरों को राहत पहुंचाई, और शाम होते ही यात्रा का नजारा भक्तिमय हो गया.

Banka News: बांका जिले के कटोरिया क्षेत्र से गुजरने वाले विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला मार्ग पर बुधवार को आस्था और भक्ति का अद्भुत संगम देखने को मिला. श्रावणी मेला के 14वें दिन तेज धूप, उमस और थकान के बावजूद शिवभक्तों के कदम बाबाधाम की ओर लगातार बढ़ते रहे. सुबह से दोपहर तक चिलचिलाती धूप ने कांवरियों की परीक्षा ली, लेकिन ‘बोल-बम’ और ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष ने श्रद्धालुओं में ऐसा उत्साह भरा कि मौसम की तपिश भी उनकी आस्था के सामने फीकी पड़ गई.

तेज धूप में भी नहीं रुकी बाबाधाम की यात्रा

सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक कांवरिया पथ पर तेज धूप और उमस के कारण श्रद्धालुओं को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा. कई स्थानों पर कांवरिये सिर पर गमछा और तौलिया बांधकर आगे बढ़ते दिखाई दिए.

इसके बावजूद कांवरियों की टोलियां लगातार ‘बोल-बम’ और ‘हर-हर महादेव’ के जयकारे लगाते हुए बाबाधाम की ओर बढ़ती रहीं. श्रद्धालुओं का कहना था कि भगवान भोलेनाथ के प्रति उनकी आस्था ही उन्हें हर कठिनाई से पार ले जाती है.

जयकारों से गूंजता रहा कांवरिया पथ

पूरे दिन कांवरिया पथ पर केसरिया वस्त्रधारी शिवभक्तों की लंबी कतारें दिखाई देती रहीं. कई श्रद्धालु थकान के बावजूद भक्ति में झूमते हुए आगे बढ़ते रहे.

रास्ते भर गूंजते ‘बोल-बम’ के जयकारों ने पूरे वातावरण को शिवमय बना दिया. श्रद्धालुओं की अटूट आस्था और सामूहिक उत्साह ने यात्रा को और अधिक ऊर्जा से भर दिया.

सेवा शिविरों ने दी गर्मी से राहत

चिलचिलाती धूप में कांवरियों को राहत पहुंचाने के लिए मार्ग के किनारे जगह-जगह नि:शुल्क सेवा शिविर लगाए गए थे. विभिन्न सामाजिक संगठनों, स्थानीय लोगों और निजी धर्मशाला संचालकों की ओर से पेयजल और शीतल पेय की व्यवस्था की गई.

कांवरियों को ठंडा पानी, नींबू शरबत, शिकंजी और अन्य पेय पदार्थ उपलब्ध कराए गए. कई श्रद्धालुओं ने कुछ देर रुककर विश्राम किया और सेवा कार्य में लगे लोगों की सराहना की.

विश्राम स्थलों पर उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़

दोपहर की तेज धूप के दौरान कांवरिया मार्ग के विभिन्न विश्राम स्थलों पर श्रद्धालुओं की अच्छी-खासी भीड़ देखने को मिली. कांवरिये कुछ समय आराम करने के बाद फिर से अपनी यात्रा पर निकलते रहे.

सेवा शिविरों में छाया, पानी और प्राथमिक सुविधाओं की व्यवस्था होने से श्रद्धालुओं को काफी राहत मिली और वे नई ऊर्जा के साथ आगे बढ़े.

शाम होते ही बदल गया पूरा नजारा

शाम करीब चार बजे के बाद जैसे ही धूप की तपिश कम हुई और मौसम में हल्की नरमी आई, कांवरिया पथ का दृश्य पूरी तरह बदल गया. बड़ी संख्या में केसरिया वस्त्रधारी शिवभक्तों की टोलियां एक साथ आगे बढ़ने लगीं.

‘बोल-बम’ और ‘हर-हर महादेव’ के गगनभेदी जयकारों से पूरा मार्ग गूंज उठा. देर शाम तक बाबाधाम की ओर जाने वाले कांवरियों का सैलाब लगातार जारी रहा और पूरा वातावरण भक्ति, उत्साह और आध्यात्मिक ऊर्जा से भर गया.

Banka News: श्रावणी मेला में उमड़ रही आस्था की भीड़

कटोरिया क्षेत्र से गुजरने वाला यह कांवरिया पथ श्रावणी मेला के दौरान सबसे महत्वपूर्ण मार्गों में से एक माना जाता है. हर दिन हजारों श्रद्धालु इस मार्ग से देवघर स्थित बाबा बैद्यनाथ धाम की ओर जलाभिषेक के लिए प्रस्थान करते हैं.

बुधवार का दृश्य यह साबित करता रहा कि आस्था और विश्वास के आगे मौसम की कठिनाइयां भी छोटी पड़ जाती हैं और भगवान शिव के प्रति श्रद्धा ही कांवरियों की सबसे बड़ी शक्ति बन जाती है.

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लेखक के बारे में

By दीपक चौधरी

दीपक चौधरी प्रिंट माध्यम में 23 वर्षों से और डिजिटल माध्यम में पिछले 4 वर्षों से पत्रकारिता में एक्टिव हैं. कटोरिया (बांका) क्षेत्र में काम कर रहे हैं. सामाजिक गतिविधि, खेल, इतिहास और राजनीतिक गतिविधियों की खबरों में रुचि रखते हैं.

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