कोईलवर में गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर प्रखंड के सकड्डी गांव में भव्य आध्यात्मिक एवं धार्मिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कार्यक्रम ब्रह्मलीन जगद्गुरु त्रिदंडी स्वामी जी महाराज के शिष्य, जगद्गुरु श्री श्री 1008 तंत्र सम्राट एवं काशी पीठाधीश्वर स्वामी जनार्दनाचार्य जी महाराज के सानिध्य में संपन्न हुआ.
त्रिदंडी स्वामी जी महाराज की हुई पूजा
स्वामी जनार्दनाचार्य जी महाराज ने बताया कि वर्तमान में उनका पवित्र चातुर्मास व्रत चल रहा है. गुरु पूर्णिमा के उपलक्ष्य में श्रद्धालुओं ने संगीतमय सुंदरकांड का सामूहिक पाठ किया, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा. इस अवसर पर ब्रह्मलीन जगद्गुरु त्रिदंडी स्वामी जी महाराज का विधिवत पूजन-अर्चना की गयी.
काशी समेत अन्य जगहों से आये शिष्य
काशी सहित विभिन्न स्थानों से पहुंचे शिष्यों एवं श्रद्धालुओं ने स्वामी जनार्दनाचार्य जी महाराज का आशीर्वाद प्राप्त किया. दिनभर दर्शन और आशीर्वाद लेने के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ लगी रही.
स्वामी जनार्दनाचार्य जी महाराज का हुआ प्रवचन
अपने प्रवचन में स्वामी जनार्दनाचार्य जी महाराज ने श्रीमद्भागवत के दत्तात्रेय प्रसंग का उल्लेख करते हुए उनके 24 गुरुओं की प्रेरणादायी कथा सुनायी. उन्होंने कहा कि यदि मनुष्य में सीखने की भावना हो, तो प्रकृति और समाज का प्रत्येक तत्व उसका गुरु बन सकता है. कार्यक्रम के समापन पर भव्य भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया.
महायज्ञ के लिए 29 अक्तूबर को निकलेगी जलयात्रा
इस दौरान घोषणा की गयी कि चातुर्मास की पूर्णाहुति के बाद लक्ष्मी-नारायण महायज्ञ का आयोजन होगा. महायज्ञ की जलयात्रा 29 अक्टूबर को निकाली जायेगी. कार्यक्रम में सामाजिक कार्यकर्ता रितिक ओझा समेत क्षेत्र के सैकड़ों श्रद्धालु उपस्थित रहे.
