सिकटी. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के संभावित अररिया दौरा को लेकर प्रशासनिक व सुरक्षा व्यवस्था तेज हो गयी है. इस प्रस्तावित दौरे में वे सिकटी प्रखंड अंतर्गत एसएसबी कंपनी लेटी में प्रशासनिक सह आवासीय भवन का उद्घाटन करेंगे. सूत्रों के अनुसार आगामी 26 फ़रवरी को अररिया में केंद्रीय मंत्री का आगमन हो सकता है. इसको लेकर इंडो-नेपाल सीमा पर हाई अलर्ट है. सुरक्षा व्यवस्था को लेकर जिला स्तरीय पदाधिकारी व एसएसबी के वरीय अधिकारियों का निरीक्षण का क्रम जारी है. इसी क्रम में शनिवार को जिलाधिकारी बिनोद दूहन, एसपी जितेंद्र कुमार, एसडीएम बलबीर दास, एसडीपीओ सुशील कुमार सहित एसएसबी के कई वरीय अधिकारियों ने यातायात सहित अन्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया. निरीक्षण दल ने हेलीपेड स्थल, पहुंच मार्ग, सुरक्षा व्यवस्था, पार्किंग व भीड़ प्रबंधन जैसे आवश्यक इंतजामों की बारीकी से जांच की. यह दौरा विशेष रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि नेपाल से लगने वाली सीमा खुली है. दोनों देश के नागरिकों को आने जाने के लिए वीजा -पासपोर्ट की जरूरत नहीं पड़ती. दोनों देश के बीच रोटी-बेटी का संबंध है. बिहार नेपाल के साथ 730 किलोमीटर से अधिक की सीमा साझा करता है, जिसमें किशनगंज क्षेत्र में चिकन नेक कॉरिडोर जैसी रणनीतिक जगहें शामिल हैं. विकास कार्यों की होगी समीक्षा बताया जा रहा है कि केंद्रीय मंत्री अमित शाह यहां सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) व सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के अधिकारियों के साथ बैठक करेंगे. इस बैठक में सीमा पार चुनौतियों, तस्करी, घुसपैठ व वाइब्रेंट विलेज कार्यक्रम के तहत सीमावर्ती गांवों में हो रहे विकास कार्यों की समीक्षा की जायेगी. जानकारी के अनुसार, अमित शाह 26 फरवरी को सीधे अररिया पहुंचकर सीमा क्षेत्र की बैठक कर सकते हैं. यही नहीं गृह मंत्री के द्वारा अररिया समाहरणालय में भी अधिकारियों के साथ बैठक का कार्यक्रम प्रस्तावित है. गृह मंत्री अमित शाह के दौरा के बीच कुआड़ी निवासी आइएस अधिकारी अभिमन्यू गुप्ता के भी नाम की चर्चा है. वे अभी केंद्रीय गृह मंत्री के अधीनस्थ ही कार्य कर रहे हैं, माना जा रहा है कि गृह मंत्री के आगमन को लेकर उनकी भूमिका को भी अहम माना जा रहा है.
गृहमंत्री के आगमन को लेकर प्रशासनिक महकमा मुस्तैद, सीमावर्ती क्षेत्र में हाई अलर्ट
विकास कार्यों की होगी समीक्षा
