अररिया नीट पेपर लीक मामले में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर बुधवार को जन जागरण शक्ति संगठन की युवा टीम ने एक दिवसीय धरना और सामूहिक भूख हड़ताल का आयोजन किया. छात्र-नौजवानों की रैली बस स्टैंड से शुरू होकर चांदनी चौक होते हुए कलेक्ट्रेट स्थित धरना स्थल पर सभा में तब्दील हुई. धरना पर बैठे छात्रों ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे आंदोलन के साथ एकजुटता व्यक्त की. सभा को संबोधित करते हुए अररिया कॉलेज के छात्र सुनील कुमार पासवान ने कहा कि "हम नौजवान मेहनत से परीक्षा की तैयारी करते हैं, लेकिन पेपर लीक हो जा रहा है. NEET पेपर लीक के बाद 22 छात्रों ने आत्महत्या कर ली. इसके लिए कौन जिम्मेदार है? अगर हम आंदोलन नहीं करेंगे तो क्या करेंगे? सरकार जवाबदेही नहीं लेगी तो व्यवस्था कैसे ठीक होगी? " जन जागरण शक्ति संगठन के सचिव आशीष रंजन ने कहा कि दिल्ली के जंतर-मंतर पर सीजेपी के नेतृत्व में ऐतिहासिक आंदोलन चल रहा है जिसकी गूंज पूरे देश में है. "आज हम अररिया में उनकी आवाज के साथ आवाज जोड़ रहे हैं. धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफा देना ही होगा, नहीं तो यह आंदोलन पूरे देश में फैल जाएगा. 20 जुलाई को संसद मार्च होगा, जिसमें अररिया से भी एक जत्था शामिल होगा. " सभा को रंजीत पासवान, अभिषेक, सब्यसाची, मुनाजिर, मांडवी, कन्हैया, लक्ष्मी, ज्योति, पवन कुमार और नारद ने भी संबोधित किया. कार्यक्रम को सफल बनाने में सुनील कुमार, रंजय पासवान, गोपाल, पवन कुमार राम, लक्ष्मी और ज्योति की विशेष भूमिका रही. संगठन ने कहा कि जब तक शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता नहीं होगी और जिम्मेदारों पर कार्रवाई नहीं होगी, आंदोलन जारी रहेगा.
अररिया: नीट पेपर लीक खिलाफ छात्रों का धरना-भूख हड़ताल, शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग
नीट पेपर लीक मामले में अररिया के छात्रों ने शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर भूख हड़ताल और धरना प्रदर्शन किया। जानें पूरी खबर।

शिक्षा विभाग के विरुद्ध धरना प्रदर्शन करते | Prabhat Khabar Network